जयपुर। राजस्थान में मोस्ट बैकवर्ड क्लास (MBC) में बैकलॉग की भर्तियों समेत अन्य मांगों के लिए गुर्जरों ने फिर से आंदोलन शुरु कर दिया है। रविवार को भरतपुर के बयाना में कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला गुट के लोग पीलूपुरा के पास रेलवे ट्रैक पर धरने पर बैठ गए। गुर्जर रातभर पटरियों पर जमे रहे, धरना आज भी जारी है।
आंदोलनकारियों ने दिल्ली-मुंबई रेलवे ट्रैक की फिश प्लेटें उखाड़ दीं। इसलिए, रविवार को 40 मालगाड़ियों समेत 60 ट्रेनें डायवर्ट करनी पड़ीं। दिल्ली-मुंबई की ट्रेनों को डायवर्ट करना पड़ा, 2 ट्रेनें रद्द करनी पड़ीं। आज भी 4 ट्रेनें रद्द की गई हैं। रविवार को रोडवेज के पांच बड़े डिपो दौसा, हिंडौन, करौली, भरतपुर और बयाना की करीब 220 बसों को रोक दिया गया। इस वजह से त्योहारों के सीजन में जनता परेशान हो रही है। भरतपुर, करौली, दौसा, सवाईमाधोपुर और जयपुर जिले की कई तहसीलों में इंटरनेट बंद है।
समझौते की कोशिश नाकाम
सरकार की तरफ से खेल मंत्री अशोक चांदना रविवार को बैंसला से बात के लिए गए थे, लेकिन खाली हाथ ही जयपुर लौट गए। चांदना ने बताया, “मैं आंदोलन वाली जगह से एक किमी पहले तक पहुंच गया था, लेकिन भारी जाम की वजह से आगे नहीं जा सका। फिर किरोड़ी बैंसला से बात की। उन्होंने कहा कि मेरी तबीयत ठीक नहीं, आप मेरे बेटे विजय बैंसला से बात कर लें। विजय को फोन किया तो उन्होंने कहा कि मैं 2-4 मिनट में कॉल करता हूं, लेकिन मुझसे दोबारा संपर्क ही नहीं किया।”
कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला ने खुद कहा, “मेरे पास CM अशोक गहलोत का फोन आया था। उन्होंने डिटेल में बात करने के साथ ही भरोसा दिलाया है कि गुर्जर समाज की मांगों को जल्द से जल्द पूरा करने की कोशिश करेंगे। इसलिए हमें मुख्यमंत्री पर एक बार और भरोसा करना चाहिए।”