डेली संवाद, जालंधर। Encounter in Jalandhar: जालंधर देहात के नकोदर क्षेत्र में पुलिस और बदमाशों के बीच हुई मुठभेड़ में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इस दौरान एक बदमाश के पैर में गोली लगी, जबकि उसका दूसरा साथी भागने की कोशिश में गिर गया, जिससे उसकी टांग टूट गई। पुलिस ने दोनों को घायल अवस्था में काबू कर अस्पताल में भर्ती करवाया है।
जालंधर (Jalandhar) के नकोदर पुलिस (Police) नेो इस कार्रवाई के जरिए विदेशी गैंगस्टरों के इशारे पर चल रहे जबरन वसूली और फायरिंग रैकेट का खुलासा किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंकित कुमार उर्फ अंकित (मूल निवासी सीतामढ़ी, बिहार; हाल निवासी लुधियाना) और हरिंदर गुप्ता उर्फ हरिंदर (मूल निवासी गोरखपुर, उत्तर प्रदेश; हाल निवासी लुधियाना) के रूप में हुई है।

5 करोड़ रुपये की फिरौती के मामला
पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी एक बड़े व्यवसायी को दोबारा निशाना बनाने की फिराक में थे। यह कार्रवाई नकोदर के प्रमुख व्यवसायी मनीष बख्शी उर्फ मन्नू से जुड़े 5 करोड़ रुपये की फिरौती के मामले में की गई है। मनीष बख्शी ‘बख्शी ट्रैवल कंपनी’ और ‘बी.बी. स्कूल ऑफ आइलेट्स’ के मालिक हैं। उन्हें 11 नवंबर 2025 को विदेशी नंबरों से धमकी भरे फोन कॉल आए थे।
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कॉल करने वालों ने खुद को कुख्यात गैंगस्टर गोल्डी बराड़ और रोहित गोदारा गैंग का सदस्य बताते हुए 5 करोड़ रुपये की मांग की थी। फिरौती न देने पर 16 और 17 जनवरी की दरमियानी रात को आरोपियों ने नकोदर स्थित मनीष बख्शी के दफ्तर के बाहर फायरिंग की थी। इस संबंध में थाना सिटी नकोदर में पहले ही मामला दर्ज किया जा चुका था।

पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी
एसएसपी जालंधर ग्रामीण हरविंदर सिंह विर्क के निर्देशों पर गठित विशेष पुलिस टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि दोनों आरोपी एक और वारदात को अंजाम देने के लिए इलाके में घूम रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस ने नूरमहल रोड पर गांव बीर फाटक के पास नाकाबंदी की।
जब पुलिस ने बाइक सवार संदिग्धों को रोकने का प्रयास किया तो उन्होंने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में अंकित कुमार के पैर में गोली लगी, जबकि हरिंदर गुप्ता भागने के दौरान गिर गया, जिससे उसकी टांग फ्रैक्चर हो गई।

पिस्तौल और कारतूस बरामद
पुलिस ने दोनों को काबू कर लिया और उनके कब्जे से एक .30 बोर का पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए।पुलिस का कहना है कि आरोपी फिरौती न मिलने के कारण शिकायतकर्ता पर दोबारा हमला करने आए थे। फिलहाल मामले की गहन जांच जारी है और गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।











