डेली संवाद, पठानकोट। Punjab News: पंजाब (Punjab) के पठानकोट में रसोई गैस की किल्लत ने आम लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। गैस सिलेंडर लेने के लिए लोगों को घंटों लाइनों में खड़ा होना पड़ रहा है, जिसके चलते हालात दिन-ब-दिन बिगड़ते जा रहे हैं। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद वीरवार सुबह पंजाब सरकार के कैबिनेट मंत्री लाल चंद कटारूचक्क खुद हालात का जायजा लेने के लिए मैदान में उतरे।
पंजाब (Punjab) कैबिनेट मंत्री सुबह करीब 9 बजे कस्बा तारागढ़ तंगोशाह स्थित दीनानगर गैस सर्विस एजेंसी पहुंचे। वहां का दृश्य देखकर वे हैरान रह गए। एजेंसी के बाहर सैकड़ों लोगों की लंबी कतारें लगी हुई थीं। अनुमान के अनुसार 300 से 400 लोग अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। लोगों ने मंत्री को बताया कि वे सुबह 4 बजे से ही लाइन में खड़े हैं, जबकि कुछ लोग पिछले 2-3 दिनों से लगातार चक्कर काट रहे हैं, लेकिन उन्हें अब तक गैस सिलेंडर नहीं मिल पाया।
कटारूचक्क का गुस्सा फूट पड़ा
लोगों की परेशानी सुनकर मंत्री लाल चंद कटारूचक्क का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने मौके पर मौजूद एजेंसी के कर्मचारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई और कड़ी फटकार लगाई। हैरानी की बात यह रही कि इतनी भीड़ होने के बावजूद एजेंसी पर केवल एक स्टोर कीपर मौजूद था, जबकि अन्य कर्मचारी नदारद थे। इस लापरवाही को देखते हुए मंत्री ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।
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मौके पर ही मंत्री ने जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक (DFSC) राज ऋषि मेहरा को फोन कर स्थिति से अवगत कराया। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि एजेंसी संचालकों ने लोगों की समस्याओं को नजरअंदाज कर रखा है और यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि संबंधित गैस एजेंसी मालिकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने।
कड़ी कार्रवाई की जाएगी
इस दौरान मंत्री ने खुद गोदाम की जांच भी करवाई। बताया गया कि स्टोर कीपर गोदाम खोलने में भी आनाकानी कर रहा था, जिसके बाद मंत्री ने चाबी लेकर गोदाम का निरीक्षण करवाया। उन्होंने कहा कि यदि कहीं भी कालाबाजारी या स्टॉक छिपाने की शिकायत मिली तो जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक राज ऋषि मेहरा ने मंत्री को आश्वस्त किया कि लोगों को परेशान करने वाले गैस एजेंसी संचालकों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि विभाग इस मामले को गंभीरता से ले रहा है और जल्द ही स्थिति को सामान्य बनाने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
सख्त निगरानी रखी जाए
स्थानीय लोगों ने सरकार से मांग की है कि गैस की आपूर्ति को नियमित किया जाए और एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर सख्त निगरानी रखी जाए। उनका कहना है कि रोजमर्रा के जीवन में रसोई गैस एक आवश्यक जरूरत है और इसकी कमी से घरों का कामकाज प्रभावित हो रहा है। फिलहाल प्रशासन ने कार्रवाई का भरोसा दिया है, लेकिन अब देखना होगा कि लोगों को राहत कब तक मिलती है।







