डेली संवाद, चंडीगढ़। Punjab News: पंजाब विजीलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही अपनी मुहिम के दौरान जिला माल अफसर, मोगा के रीडर दविंदर पाल सिंह को 20,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा है।
आज यहां यह जानकारी देते हुए राज्य विजीलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपी को गांव चक्क कानियां खुर्द, तहसील धर्मकोट, जिला मोगा (Moga) के एक निवासी द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है।
1,00,000 रुपये रिश्वत की मांग की
उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता के पुत्र का 13 एकड़ जमीन की बंटवारा संबंधी डीआरओ, मोगा की अदालत में केस चल रहा था। आरोपी रीडर दविंदर पाल सिंह ने कथित तौर पर 5-6 महीनों के अंदर केस का जल्दी निपटारा करने के लिए 1,00,000 रुपये रिश्वत की मांग की थी। उसने शिकायतकर्ता को 50,000 रुपये रिश्वत की राशि एडवांस में देने और बाकी 50,000 रुपये केस निपटारे के बाद देने को कहा था।
यह भी पढ़ें: Japnoor Travels के सतनाम सिंह पर 45 लाख रुपए ठगी का आरोप, किसानों ने दफ्तर घेरा
शिकायतकर्ता ने रिश्वत मांगने की सारी बातचीत रिकॉर्ड कर ली थी। रिश्वत देने के लिए तैयार न होने के कारण शिकायतकर्ता ने विजीलेंस ब्यूरो यूनिट मोगा से संपर्क किया। उसकी शिकायत पर कार्रवाई करते हुए विजीलेंस ब्यूरो की टीम ने दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 20,000 रुपये रिश्वत लेते हुए आरोपी रीडर को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
इस संबंध में विजीलेंस ब्यूरो के थाना फिरोजपुर में आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार रोकथाम कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है और इस मामले की आगे की जांच जारी है।
