किसानों का ऐलान, PM मोदी और अमित शाह का बंद करेंगे हुक्कापानी, दिल्ली और यूपी बॉर्डर पर प्रदर्शन, बैरिकेडिंग तोड़ी

Daily Samvad
3 Min Read
Punjab Government
WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now
⏱️ 4 मिनट पढ़ने का समय|📝 400 शब्द|📅 30 Nov 2020

farmers protest 30

नई दिल्ली। देश की राजधानी दिल्ली के बॉर्डर पर किसानों का प्रदर्शन (Farmers Protest) जारी है। सड़क पर ट्रॉलियों को ही किसानों ने घर बना लिया है। दिल्ली-यूपी बॉर्डर पर किसानों के प्रदर्शन में रातभर देशभक्ति का गाना चलता रहा। किसानों का नया नारा अब ‘दिल्ली चलो’ नहीं बल्कि ‘दिल्ली घेरो’ है। दिल्ली के 5 प्वाइंट पर किसान अब धरना देंगे।

इस बीच बुराड़ी ग्राउंड पर बैठे पंजाब से आए एक किसान ने कहा कि यहां रह के कोई फायदा नहीं है। हम काला कानून रद्द करने आए हैं। हम दिल्ली की सारे बॉर्डर बंद करेंगे। हमारे पास 6 महीने तक का राशन है। हमें आपके खाने की जरूरत नहीं है। वोट मांगने के लिए गृह मंत्री और प्रधानमंत्री के पास समय है लेकिन हम लोगों से मिलने के लिए नहीं है। हम इनका हुक्का पानी बंद करेंगे।

दिल्ली बॉर्डर पर अड़े हुए हैं किसान

किसानों के आंदोलन (Farmers Protest) के 5 दिन बाद भी किसानों का गुस्सा कम नहीं हो रहा है। सरकार बातचीत को तैयार है लेकिन किसान दिल्ली बॉर्डर (Delhi Border) पर अड़े हैं कि बातचीत यहीं होगी। किसान न तो दिल्ली पुलिस (Delhi Police) द्वारा तय किए गए प्रदर्शन स्थल पर जा रहे हैं और ना ही दिल्ली बॉर्डर से हट रहे हैं।

ये पुलिस है, नंगा करके पीटती है, फिर रिश्वत मांगती है

https://www.youtube.com/watch?v=324UbkjJQWU

किसानों के इस ऐलान के बाद सरकार की टेंशन बढ़ी हुई है। किसानों का प्रदर्शन अब दिल्ली और उत्तर प्रदेश बॉर्डर पर भी शुरू हो गया है। यूपी गेट पर गाजीपुर के पास उत्तराखंड के किसान भी पहुंच गए हैं और किसानों का प्रदर्शन उग्र हो गया है, जिसके बाद उन्होंने पुलिस की बैरिकेडिंग तोड़ दी है।

गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों ने ट्रैक्टर पर तिरपाल डाला

किसान आंदोलन का असर आम लोगों पर पड़ा है और लोगों को मुश्किलों का सामना करना पड़ा है। दिल्ली के पास हाईवे पर जाम की स्थिति बन गई है और दफ्तर जाने वालों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। इसके साथ ही भीड़ की वजह से कोरोना संक्रमण का खतरा बढ़ गया है। दिल्ली-यूपी बॉर्डर (Delhi UP Border) यानी गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों ने ट्रैक्टर पर तिरपाल डालकर इसे ही अपना घर बना लिया है। ठंड से बचने के लिए रजाई-कंबल भी लाए गए हैं। सड़क पर अलाव जल रहा है लेकिन सर्द रातों में इस अलाव की गर्मी से कहीं ज्यादा तपिश किसानों के गुस्से की आग से बढ़ रही है।

















Share This Article
Follow:
Daily Samvad एक विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट है, जहां हम देश-दुनिया, राजनीतिक विश्लेषण, प्रदेश, शिक्षा, बिज़नेस, मनोरंजन, खेल, स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र की ख़बरें सरल भाषा में आप तक पहुंचाते हैं। हमारा उद्देश्य है—जनता की आवाज़ बनकर निष्पक्ष पत्रकारिता को आगे बढ़ाना। डेली संवाद ऑनलाइन के महाबीर जायसवाल फाउंडर चीफ एडिटर हैं। वे राजनीति, अपराध, देश-दुनिया की खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत राजनीति की खबरों से की, जबकि उनके पास, अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग से लेकर एडिटर तक 25 साल से अधिक पत्रकारिता का अनुभव है। वे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भारत सरकार के कैबिनेट मंत्री गजेंद्र शेखावत के Media Consultant भी रहे हैं। उन्होंने इलाहाबाद की यूनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन, बीए और एमए की डिग्री हासिल की है। संपर्क नंबर: +91-98881-90945 ईमेल: mmmmediahouse@gmail.com
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *