OTT Apps Ban List: सरकार का बड़ा एक्शन, अश्लील कंटेंट वाले 18 OTT प्लेटफॉर्म बैन, 19 वेबसाइट, 10 App और 57 सोशल मीडिया हैंडल भी ब्लॉक

Daily Samvad
3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now
⏱️ 4 मिनट पढ़ने का समय|📝 441 शब्द|📅 14 Mar 2024

डेली संवाद, नई दिल्ली। OTT Apps Ban List: केंद्र सरकार ने गुरुवार को अश्लील कंटेंट प्रसारित करने वाले 18 OTT प्लेटफॉर्म को प्रतिबंध कर दिया है। इसके साथ 19 वेबसाइट्स 10 ऐप्स और 57 सोशल मीडिया हैंडल्स भी ब्लॉक कर दिए हैं।

ये भी पढ़ें: जालंधर के अग्रवाल ढाबे पर नगर निगम की बड़ी कार्रवाई

ये ऐप, OTT प्लेटफॉर्म और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एंटरटेनमेंट के नाम पर अश्लील और आपत्तिजनक वीडियो पेश कर रहे थे। इससे पहले इन OTT ऐप्स को कई बार चेतावनी दी गई थी, इसके बावजूद इनके कंटेंट में किसी तरह का सुधार नहीं पाया गया।

ऐप्स की लिस्ट आज जारी की गई

12 मार्च को केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय की बैठक में यह फैसला ले लिया गया था। हालांकि इन ऐप्स की लिस्ट आज जारी की गई हैं।

सरकार के मुताबिक, इनके कंटेंट में अश्लीलता थी। कई जगह महिलाओं को अपमानजनक तरीके से दिखाया जाता था। स्टूडेंट और टीचर के रिश्तों के अलावा पारिवारिक रिश्तों को भी गलत तरीके से पेश किया जाता था।

इन OTT प्लेटफॉर्म को किया गया बैन

OTT
OTT

1 करोड़ से ज्यादा डाउनलोड्स

सरकार ने बताया कि 18 OTT ऐप्स में से एक ऐप को 1 करोड़ से ज्यादा डाउनलोड मिल चुके हैं। हालांकि इसका नाम नहीं बताया गया। दो अन्य ऐप को गूगल प्ले स्टोर पर 50 लाख से ज्यादा डाउनलोड मिले हैं।

इसके अलावा इन ओटीटी प्लेटफॉर्म्स ने दर्शकों को अपनी वेबसाइट्स और ऐप्स की तरफ अट्रैक्ट करने के लिए बड़े पैमाने पर सोशल मीडिया का भी यूज किया। इन सोशल मीडिया अकाउंट्स पर कुल मिलाकर 32 लाख से अधिक यूजर्स हैं।

शिकायतों के बाद कार्रवाई

इससे पहले मंत्रालय ने कहा था कि उन्हें OTT प्लेटफॉर्म पर दिखाए जा रहे कंटेंट को लेकर कई शिकायतें मिली थीं। इनकी शिकायत करने वालों में कई सांसद/विधायक, इंटेलेक्चुअल्स और समाज सेवी शामिल हैं।

अभी निगरानी के क्या नियम हैं

सरकार ओटीटी प्लेटफॉर्म्स के कंटेंट की निगरानी इंटरमीडियरी गाइडलाइंस एंड डिजिटल मीडिया एथिक्स कोड रूल्स, 2021 के जरिए करती है। इसके नियमों के मुताबिक ओटीटी प्लेटफॉर्म्स को अपने कंटेंट का क्लासिफिकेशन, ऐज रेटिंग और सेल्फ रेगुलेशन का खुद पालन करना होता है।

अगर ऐसा नहीं होता है तो इस एक्ट की धारा 67, 67A और 67B के तहत सरकार पेश किए जा रहे आपत्तिजनक कंटेंट को ब्लॉक कर सकती है।

ये भी पढ़ें: जालंधर के Board to Abroad के ट्रेवल एजैंट पर महिला ने लगाए सनसनीखेज आरोप

ऐप पर दिखाई जाने वाली सीरीज के कुछ सीन और कहानी का वीडियो बनाकर इसका प्रोमो सोशल मीडिया पर पोस्ट किया जाता है। वीडियो के साथ ऐप डाउनलोड करने का लिंक रहता है। ऐसे ऐप पर आने वाले ज्यादातर यूजर्स सोशल मीडिया के थ्रू ही आते हैं।

















Share This Article
Follow:
Daily Samvad एक विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट है, जहां हम देश-दुनिया, राजनीतिक विश्लेषण, प्रदेश, शिक्षा, बिज़नेस, मनोरंजन, खेल, स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र की ख़बरें सरल भाषा में आप तक पहुंचाते हैं। हमारा उद्देश्य है—जनता की आवाज़ बनकर निष्पक्ष पत्रकारिता को आगे बढ़ाना। डेली संवाद ऑनलाइन के महाबीर जायसवाल फाउंडर चीफ एडिटर हैं। वे राजनीति, अपराध, देश-दुनिया की खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत राजनीति की खबरों से की, जबकि उनके पास, अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग से लेकर एडिटर तक 25 साल से अधिक पत्रकारिता का अनुभव है। वे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भारत सरकार के कैबिनेट मंत्री गजेंद्र शेखावत के Media Consultant भी रहे हैं। उन्होंने इलाहाबाद की यूनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन, बीए और एमए की डिग्री हासिल की है। संपर्क नंबर: +91-98881-90945 ईमेल: mmmmediahouse@gmail.com
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *