Online Gaming Bill: महादेव सट्टा App समेत ऑनलाइन गेम आज से बंद, पकड़े जाने पर पर 1 करोड़ होगा जुर्माना, इतने साल होगी जेल

Daily Samvad
3 Min Read
Online Gaming News
Punjab Government
WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

डेली संवाद, नई दिल्ली। Online Gaming Bill 2025: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू (President Draupadi Murmu) ने शुक्रवार को ‘ऑनलाइन गेमिंग (प्रमोशन और रेग्युलेशन) बिल 2025’ (Online Gaming Bill 2025) को मंजूरी दे दी है। यह बिल संसद के दोनों सदनों से इस हफ्ते ही पास हुआ था। इस कानून का मकसद ई-स्पोर्ट्स (E-Sports) और सोशल गेम्स (Social Game) को बढ़ावा देना है, लेकिन ऑनलाइन पैसे वाले गेम्स पर पूरी तरह से रोक लगाना है।

यह भी पढ़ें: थाईलैंड घूमने के लिए नहीं है वीजा की जरूरत, बैग और पासपोर्ट उठाइए और घूम आइए

केंद्र सरकार (Union Government) का कहना है कि इस कदम से नशे की लत, आर्थिक नुकसान और आत्महत्या जैसे खतरों को रोका जा सकेगा। साथ ही, ई-स्पोर्ट्स (E-Sports) को अब कानूनी मान्यता मिलेगी और युवाओं के लिए खेल का नया क्षेत्र खुलेगा।

Online Gaming
Online Gaming

बिल के तहत ये होंगे बदलाव?

अब ई-स्पोर्ट्स (E-Sports) को खेल के तौर पर मान्यता मिलेगी। युवा मामलों और खेल मंत्रालय (Sports Ministry) इसके लिए अलग फ्रेमवर्क तैयार करेगा। सोशल गेम्स को भी बढ़ावा दिया जाएगा ताकि खिलाड़ी सुरक्षित और जिम्मेदारी से खेल सके। पहले ई-स्पोर्ट्स को कोई कानूनी मान्यता नहीं मिली थी, लेकिन अब खिलाड़ियों को बेहतर अवसर मिलेंगे।

मनी गेम्स पर सरकार की सख्ती

इस कानून के तहत पैसे वाले ऑनलाइन गेम्स (Online Games) को चलाना, उसका विज्ञापन करना या उनसे जुड़ा लेन-देन करना अपराध होगा। हालांकि, खिलाड़ियों पर कोई सजा नहीं होगी। लेकिन ऐसे गेम चलाने वाले, विज्ञापन देने वाले और आर्थिक मदद करने वालों को जेल और जुर्माना झेलना पड़ सकता है।

Online Gaming News
Online Gaming News

क्या-क्या हो सकती है सजा?

  • ऐसे गेम चलाने वालों को 3 साल तक की जेल और 1 करोड़ रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
  • विज्ञापन देने वालों को 2 साल तक कीजेल और 50 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
  • पैसे से जुड़े लेन-देन पर 3 साल तक की जेल और 50 लाख रुपये तक का जुर्माना हो सकता है।
  • बार-बार अपराध करने वालों पर 5 साल तक की जेल और 2 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगेगा।

‘समाज को रखना है सुरक्षित’

सरकार ने अधिकारियों को यह भी अधिकार दिया है कि वे ऑनलाइन या ऑफलाइन संपत्ति जब्त कर सकें और जरूरत पड़ने पर बिना वारंट गिरफ्तारी भी कर सके। सूत्रों के मुताबिक, इस कानून से सरकर को सलाना 15 हजार से 20 हजार करोड़ रुपये तक GST का नुकसान हो सकता है। लेकिन, आईटी मंत्रालय का कहना है कि राजस्व नुकसान से ज्यादा अहम समाज को सुरक्षित रखना है।

[embedyt]https://www.youtube.com/watch?v=1ZQiYQxrxQw&t=50s[/embedyt]














Share This Article
Follow:
Daily Samvad एक विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट है, जहां हम देश-दुनिया, राजनीतिक विश्लेषण, प्रदेश, शिक्षा, बिज़नेस, मनोरंजन, खेल, स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र की ख़बरें सरल भाषा में आप तक पहुंचाते हैं। हमारा उद्देश्य है—जनता की आवाज़ बनकर निष्पक्ष पत्रकारिता को आगे बढ़ाना। डेली संवाद ऑनलाइन के महाबीर जायसवाल फाउंडर चीफ एडिटर हैं। वे राजनीति, अपराध, देश-दुनिया की खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत राजनीति की खबरों से की, जबकि उनके पास, अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग से लेकर एडिटर तक 25 साल से अधिक पत्रकारिता का अनुभव है। वे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भारत सरकार के कैबिनेट मंत्री गजेंद्र शेखावत के Media Consultant भी रहे हैं। उन्होंने इलाहाबाद की यूनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन, बीए और एमए की डिग्री हासिल की है। संपर्क नंबर: +91-98881-90945 ईमेल: mmmmediahouse@gmail.com
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *