Thursday, 25 June 2026
पंजाब
Punjab News: मुख्यमंत्री सेहत योजना ने बदली पंजाब के स्वास्थ्य क्षेत्र की तस्वीर, 4.43 लाख मरीजों को मिला लाभ
डेली संवाद, चंडीगढ़।
Punjab News: पंजाब की ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ राज्य के स्वास्थ्य क्षेत्र की तस्वीर बदल रही है। स्टेट हेल्थ एजेंसी (एसएचए) पंजाब के अनुसार, पटियाला जिला इस योजना को अपनाने और इसके उपयोग में सबसे आगे है तथा कार्यक्रम के तहत राज्य में सबसे अधिक मरीजों और खर्च के मामले में शीर्ष पर है। पूरे पंजाब में 4,43,906 से अधिक मरीज लाभान्वित हो चुके हैं और उन पर कुल 782.79 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किया गया है।
सरकारी और सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में कैशलेस उपचार उपलब्ध करवाने के लिए तैयार की गई ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ राज्य की सबसे बेहतर जनकल्याणकारी योजनाओं में से एक बन चुकी है। एसएचए पंजाब के ताजा आंकड़ों (23 जून तक) के अनुसार इस योजना ने बड़े स्तर पर परिवर्तन लाया है।
CM Bhagwant Mann[/caption]
पूरे पंजाब में योजना का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। जालंधर (27,682 मरीज), अमृतसर (20,503) और एस.ए.एस. नगर (20,085) जैसे जिलों ने योजना का व्यापक लाभ उठाया है, जबकि छोटे जिले जैसे कपूरथला (9,384) और मलेरकोटला (3,181) में भी योजना की पहुंच और उपयोग लगातार बढ़ रहा है।
लगभग 79.15 करोड़ रुपये खर्च
पटियाला योजना का लाभ लेने में सबसे आगे है, जहां 52,672 मरीजों के उपचार पर लगभग 79.15 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। इसके बाद बठिंडा है, जहां 30,813 मरीजों पर 76.81 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जबकि लुधियाना में 44,227 मरीजों पर 60.54 करोड़ रुपये का खर्च दर्ज किया गया है। पटियाला की अग्रणी स्थिति से प्रतीत होता है कि यहां अस्पतालों के साथ बेहतर समन्वय और लाभार्थियों में योजना के प्रति अधिक जागरूकता है।यह भी पढ़ें: Japnoor Travels के सतनाम सिंह पर 45 लाख रुपए ठगी का आरोप, किसानों ने दफ्तर घेरा
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने एक बयान में कहा, “इस योजना ने लोगों को उनकी जेब से होने वाले बड़े स्वास्थ्य खर्चों से राहत दी है।” उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री सेहत योजना केवल कागज पर आधारित नीति नहीं है, बल्कि उन परिवारों के लिए जीवन रेखा है, जिन्हें कभी अस्पताल के बिल बीमारी से भी अधिक डरावने लगते थे।” [caption id="attachment_14702" align="aligncenter" width="1200"]
CM Bhagwant Mann[/caption]
पूरे पंजाब में योजना का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। जालंधर (27,682 मरीज), अमृतसर (20,503) और एस.ए.एस. नगर (20,085) जैसे जिलों ने योजना का व्यापक लाभ उठाया है, जबकि छोटे जिले जैसे कपूरथला (9,384) और मलेरकोटला (3,181) में भी योजना की पहुंच और उपयोग लगातार बढ़ रहा है।