ePaper Reading mode

Daily Samvad ePaper

Sunday, 02 August 2026

Jaish-e-Mohammed Module: इंस्टाग्राम पर रील्स बनाकर मंत्रियों को 'हनीट्रैप' में फंसाने वाली लड़की निकली आतंकी की गर्लफ्रेंड

Jaish-e-Mohammed Module: इंस्टाग्राम पर रील्स बनाकर मंत्रियों को 'हनीट्रैप' में फंसाने वाली लड़की निकली आतंकी की गर्लफ्रेंड

डेली संवाद, कोलकाता। Jaish-e-Mohammed Module: पश्चिम बंगाल की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने जैश-ए-मोहम्मद (JeM) से जुड़े संदिग्ध आतंकी मॉड्यूल की जांच में बड़ी कार्रवाई करते हुए हमीम मंडल की गर्लफ्रेंड अर्पिता सरकार को झारखंड के साहिबगंज से गिरफ्तार किया है।

गिरफ्तारी के बाद बर्दवान की अदालत ने अर्पिता को 13 दिनों की STF हिरासत में भेज दिया है। जांच एजेंसियों का आरोप है कि अर्पिता ने हमीम मंडल के साथ मिलकर पाकिस्तान समर्थित नेटवर्क के निर्देशों पर काम किया और संवेदनशील राजनीतिक जानकारी जुटाने में मदद की।

VIP नेताओं की निगरानी और हनी ट्रैप

STF के अनुसार, अर्पिता सरकार पर आरोप है कि उसने हमीम मंडल के साथ मिलकर प्रभावशाली राजनीतिक हस्तियों की जानकारी जुटाने, उनकी गतिविधियों पर नजर रखने और एक मंत्री के बेटे को कथित तौर पर हनी ट्रैप में फंसाने की योजना में सहयोग किया।

अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच जारी है और डिजिटल साक्ष्यों की विस्तार से पड़ताल की जा रही है। हालांकि, इन आरोपों की अभी अदालत में पुष्टि होना बाकी है और जांच एजेंसियां साक्ष्य जुटाने में लगी हैं।

इंस्टाग्राम चैट से खुला मामला

STF अधिकारियों के मुताबिक, हमीम मंडल की गिरफ्तारी के एक दिन बाद अर्पिता सरकार को गिरफ्तार किया गया। पुलिस का दावा है कि दोनों के बीच हुई इंस्टाग्राम चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर अर्पिता की भूमिका सामने आई।

जांच अधिकारियों का कहना है कि हमीम और अर्पिता का परिचय करीब चार साल पहले इंस्टाग्राम के जरिए हुआ था और बाद में दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए। एजेंसियों का दावा है कि पिछले कुछ महीनों में दोनों पाकिस्तान स्थित हैंडलरों के संपर्क में आए।

कौन है अर्पिता सरकार?

22 वर्षीय अर्पिता सरकार झारखंड के साहिबगंज जिले के बरहरवा की रहने वाली है। वह बरहरवा स्थित बीएसके कॉलेज से इंग्लिश ऑनर्स में स्नातक है। सोशल मीडिया पर वह एक उभरती हुई इन्फ्लुएंसर के रूप में सक्रिय रही है। उसके इंस्टाग्राम अकाउंट पर मोटरसाइकिल राइड, ट्रैवल और लाइफस्टाइल से जुड़ी रील्स और पोस्ट दिखाई देती हैं।

जांच एजेंसियों का आरोप है कि सोशल मीडिया पर सक्रिय रहने के साथ-साथ वह कथित तौर पर हमीम मंडल के संपर्क में रहकर उसके निर्देशों का पालन कर रही थी।

पाकिस्तानी हैंडलरों से संपर्क की जांच

STF के अनुसार, शुरुआती जांच में सामने आया है कि कथित मॉड्यूल के सदस्य व्हाट्सएप, टेलीग्राम, एलिमेंट एक्स और सेशन जैसे एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर रहे थे। जांच एजेंसियों ने चार कथित पाकिस्तानी हैंडल—अबीर जाट333, उजैर, राणा और हमाद—की पहचान की है, जिनसे निर्देश मिलने का संदेह जताया गया है।

अधिकारियों का यह भी दावा है कि इन हैंडलरों ने कथित तौर पर ब्रिटेन और मैक्सिको के सिम कार्ड का इस्तेमाल किया और युवाओं को कट्टरपंथी विचारधारा की ओर प्रभावित करने का प्रयास किया।

जांच जारी, और गिरफ्तारियां संभव

STF के आईजी गौरव शर्मा ने कहा कि जांच अभी शुरुआती चरण में है और डिजिटल उपकरणों, चैट रिकॉर्ड तथा अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है। एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस कथित नेटवर्क का दायरा कितना बड़ा है और इसमें अन्य कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं।

अधिकारियों के अनुसार, आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं। फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हुई हैं।