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Saturday, 30 May 2026

Haryana News: दो मिनट के ब्लैकआउट में चकमा देकर भागा आरोपी, 6 पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज

Haryana News: दो मिनट के ब्लैकआउट में चकमा देकर भागा आरोपी, 6 पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज
डेली संवाद, करनाल। Haryana News: हरियाणा के करनाल में सरकारी अस्पताल के कैदी वार्ड से एक वांटेड अपराधी के फरार होने के मामले ने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है। इस मामले में ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में छह पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। पुलिस अधीक्षक नरेंद्र बिजारनिया ने सख्त कार्रवाई करते हुए ईएचसी संदीप और सिपाही प्रदीप, सुमित, गोवर्धन, अमित तथा अंकित को सस्पेंड करने के आदेश जारी किए हैं। फरार आरोपी की पहचान पंजाब के खरड़ निवासी गुरजीत सिंह के रूप में हुई है। वह तरावड़ी में पेट्रोल पंप पर फायरिंग और लूट के प्रयास सहित कई संगीन मामलों में वांटेड था। पुलिस के अनुसार गुरजीत करनाल, कुरुक्षेत्र, सोनीपत और पलवल में पेट्रोल पंप लूट की कम से कम पांच वारदातों में शामिल रहा है।

पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया

जानकारी के मुताबिक गुरजीत सिंह को 25 मई को सीआईए-1 की टीम ने मेरठ रोड स्थित आवर्धन नहर के पास पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया था। मुठभेड़ में उसकी टांग में गोली लगी थी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए करनाल के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज पूरा होने के बाद उसे अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जाना था, लेकिन इससे पहले ही वह अस्पताल से फरार हो गया।

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पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी पिछले दो दिनों से दर्द का बहाना कर रहा था। वह खुद को इस तरह पेश कर रहा था जैसे वह ठीक से चल-फिर भी नहीं सकता। डॉक्टरों को भी यही लग रहा था कि उसकी हालत सामान्य नहीं है, हालांकि सीसीटीवी फुटेज ने बाद में इस दावे की पोल खोल दी। Punjab News: पंजाब में जेल से पैरोल पर छूटा कैदी फरार, पुलिस ने शुरू की तलाश

अस्पताल के कैदी वार्ड से फरार

घटना 28 और 29 मई की दरमियानी रात की है। अस्पताल के कैदी वार्ड में आरोपी की निगरानी के लिए चार पुलिसकर्मी तैनात थे। रात करीब 12 बजे के बाद तेज तूफान के कारण अस्पताल की बिजली अचानक चली गई। पुलिस के अनुसार बिजली करीब दो से ढाई मिनट तक बाधित रही। इसी दौरान आरोपी ने मौका पाकर फरार होने की योजना को अंजाम दे दिया। जब बिजली दोबारा आई तो पुलिसकर्मियों ने देखा कि आरोपी अपने बिस्तर पर नहीं था। इसके बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। पुलिसकर्मियों ने पहले अपने स्तर पर उसकी तलाश शुरू की और बाद में वरिष्ठ अधिकारियों व अस्पताल प्रशासन को सूचना दी गई। हैरानी की बात यह रही कि आरोपी को जिस हथकड़ी से बेड से बांधा गया था, वह हथकड़ी बिस्तर पर ही मिली। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि महज दो मिनट के भीतर आरोपी हथकड़ी खोलकर कैसे भाग निकला।

वीडियो में घायल या लंगड़ाता नजर नहीं आ रहा

मामले की जांच के दौरान अस्पताल के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। फुटेज में आरोपी बेडशीट ओढ़कर आराम से चलता हुआ दिखाई दे रहा है। वीडियो में वह कहीं भी घायल या लंगड़ाता नजर नहीं आ रहा। इससे साफ हो गया कि वह पिछले कई दिनों से पुलिस और डॉक्टरों को गुमराह कर रहा था। फुटेज में कुछ पुलिसकर्मी उसे ढूंढते हुए भी दिखाई दे रहे हैं। अस्पताल के पीएमओ डॉ. बलवान सिंह ने बताया कि पुलिस ने सभी सीसीटीवी फुटेज अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। वहीं फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए कई विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो हरियाणा और पंजाब के विभिन्न इलाकों में दबिश दे रही हैं। Loot at Gunpoint: शहर में बंदूक के नोक पर लूट, आरोपी गिरफ्तार

पिस्तौल दिखाकर कैश देने की धमकी दी

गुरजीत सिंह का आपराधिक रिकॉर्ड भी काफी लंबा बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार उसने 2 मई की सुबह तरावड़ी स्थित चौधरी पेट्रोल पंप पर लूट का प्रयास किया था। वह बिना नंबर प्लेट वाली काली मोटरसाइकिल पर पेट्रोल पंप पहुंचा और पहले 100 रुपये का पेट्रोल भरवाया। इसके बाद वह सेल्समैन के पीछे ऑफिस तक पहुंच गया और पिस्तौल दिखाकर कैश देने की धमकी दी। हालांकि पेट्रोल पंप कर्मचारी सुरेश कुमार ने साहस दिखाते हुए आरोपी की पिस्तौल पर हाथ मार दिया और शोर मचा दिया। शोर सुनकर एक अन्य व्यक्ति भी मौके पर पहुंच गया। दोनों ने आरोपी का विरोध किया, जिससे हाथापाई शुरू हो गई। इस दौरान आरोपी ने गोली चला दी, लेकिन गोली किसी को नहीं लगी और वह मौके से फरार हो गया।

23 दिनों तक आरोपी की तलाश करती रही

पूरी वारदात पेट्रोल पंप पर लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई थी। इसके बाद पुलिस लगातार 23 दिनों तक आरोपी की तलाश करती रही। आखिरकार गुप्त सूचना के आधार पर उसे 25 मई को मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया गया था। अब आरोपी के अस्पताल से फरार होने के बाद पुलिस की मुश्किलें बढ़ गई हैं। एक ओर उसकी तलाश के लिए कई टीमें लगाई गई हैं, वहीं दूसरी ओर सुरक्षा व्यवस्था में हुई चूक को लेकर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि आरोपी को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा और मामले में लापरवाही बरतने वाले सभी जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।