Sunday, 25 October 2026
पंजाब
Punjab News: महिलाओं की आर्थिक सुरक्षा के लिए पंजाब सरकार का बड़ा कदम, विधवा और बेसहारा महिलाओं को ₹729 करोड़ की मदद
डेली संवाद, चंडीगढ़। Punjab News: पंजाब सरकार ने सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली राज्य सरकार द्वारा विधवा एवं निराश्रित महिला वित्तीय सहायता योजना के तहत अब तक करीब 729 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है। इस योजना का लाभ करीब 7 लाख पात्र महिलाओं को मिल रहा है।
डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता प्रदान करना नहीं, बल्कि ऐसी महिलाओं को सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास के साथ जीवन व्यतीत करने के लिए मजबूत सहारा प्रदान करना है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक महिला को मान-सम्मान के साथ जीवन जीने का अधिकार है और पंजाब सरकार इस दिशा में लगातार प्रयासरत है।
पंजाब सरकार इस दिशा में लगातार प्रयासरत है
मंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार द्वारा चालू वित्त वर्ष के दौरान इस योजना के लिए करीब 1300 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है, जो मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली सरकार की महिलाओं और कमजोर वर्गों के कल्याण के प्रति दृढ़ प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
यह भी पढ़ें: जालंधर के 66 फुटी रोड पर सट्टेबाजी का 'उत्तम' खेल, सट्टा किंग RK के खिलाफ ED में शिकायत
योजना के पात्रता मानदंडों के बारे में जानकारी देते हुए डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि 58 वर्ष से कम आयु की विधवा एवं निराश्रित महिलाएं तथा 30 वर्ष या इससे अधिक आयु की अविवाहित महिलाएं इस योजना का लाभ उठा सकती हैं। इसके लिए आवेदक का पंजाब का निवासी होना और परिवार की वार्षिक आय 60,000 रुपये या इससे कम होना अनिवार्य है।
योजना के बारे में जानकारी दी
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि कोई भी पात्र महिला सरकारी कल्याणकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे। इसके लिए विभाग द्वारा जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं और जमीनी स्तर पर योजनाओं की पहुंच को और मजबूत किया जा रहा है।
डॉ. बलजीत कौर ने सामाजिक सुरक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र लाभार्थियों की पहचान करके उन्हें योजना का लाभ पहुंचाया जाए, आवेदनों का निपटारा पारदर्शी तरीके से और समय पर किया जाए तथा विशेष रूप से ग्रामीण एवं दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं को इस योजना के बारे में जानकारी दी जाए।
मंत्री ने पंचायतों, निर्वाचित प्रतिनिधियों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं और सामाजिक संस्थाओं से अपील की कि वे अपने क्षेत्रों की पात्र महिलाओं को इस योजना से जोड़ने में सहयोग करें, ताकि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़ी महिला तक पहुंच सके।