डेली संवाद, मोहाली।
Punjab News: मोहाली में रियल एस्टेट से जुड़े एक बड़े धोखाधड़ी मामले में पुलिस ने आम आदमी पार्टी (AAP) के एक नेता को गिरफ्तार किया है। आरोपी पर 13 करोड़ रुपये से अधिक की ठगी का आरोप है। इस मामले में उसकी पत्नी बलजीत कौर और एक अन्य साथी बिक्रम सूरी के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान राकेश कुमार सोमन उर्फ रॉकी के रूप में हुई है, जो लंबे समय से रियल एस्टेट कारोबार और राजनीति से जुड़ा हुआ है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वास भंग और धमकी देने जैसे गंभीर आरोप लगे हैं।
कोहरी की शिकायत पर FIR
यह मामला पंजाब
(Punjab)
के मोहाली के सेक्टर-70 निवासी हरमनजीत सिंह कोहरी की शिकायत पर दर्ज किया गया है। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि आरोपी ने उसे अपने राजनीतिक रसूख का डर दिखाया और पैसे वापस मांगने पर गैंगस्टरों से जान से मारने और झूठे मामलों में फंसाने की धमकियां दीं।
पुलिस ने आरोपी को उस समय गिरफ्तार किया जब वह एक अन्य केस में अदालत में पेशी के लिए आया हुआ था। जैसे ही पुलिस ने उसे पकड़ने की कोशिश की, वह मौके से भाग निकला। इसके बाद पुलिस ने पीछा कर कुछ दूरी पर उसे काबू कर लिया। इस घटना के दौरान कोर्ट परिसर में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन पुलिस की तत्परता से स्थिति को संभाल लिया गया। घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया गया है।
प्रॉपर्टी खरीदने का प्रस्ताव
शिकायत के अनुसार, जनवरी 2025 में राकेश सोमन ने कोहरी को सेक्टर-70 स्थित एक प्रॉपर्टी खरीदने का प्रस्ताव दिया था। बाद में उसने हसनपुर गांव (लल्लू) के पास भरतमाला हाईवे के किनारे 22 एकड़ जमीन में 50-50 साझेदारी का ऑफर दिया। इस डील की कुल कीमत 55 करोड़ रुपये बताई गई।
कोहरी ने अपने निवेशकों के जरिए करीब 13 करोड़ 10 लाख रुपये अलग-अलग किस्तों में आरोपी को दिए। यह राशि नकद और बैंक ट्रांसफर के माध्यम से उसकी कंपनियों के खातों में जमा कराई गई। जुलाई 2025 में आरोपी ने जमीन की सेल डीड दिखाई, लेकिन बाद में पता चला कि वह जमीन नो-कंस्ट्रक्शन जोन में आती है।
40 लाख रुपये प्रति एकड़
जांच में यह भी सामने आया कि जमीन की वास्तविक कीमत करीब 40 लाख रुपये प्रति एकड़ थी, जबकि पीड़ित से 2.25 से 2.80 करोड़ रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से पैसे लिए गए। इसके अलावा खसरा नंबर और राजस्व रिकॉर्ड में भी गड़बड़ी पाई गई।
शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि जब पीड़ित और उसके निवेशकों ने पैसे वापस मांगे, तो आरोपी ने हथियार दिखाकर जबरन दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवाए। साथ ही उसने अपने राजनीतिक संबंधों का हवाला देते हुए धमकियां दीं और झूठे केसों में फंसाने की चेतावनी भी दी।
रोपड़ रेंज के डीआईजी की जांच
इस मामले की शिकायत 9 जनवरी 2026 को रोपड़ रेंज के डीआईजी को भेजी गई थी। इसके बाद जांच के आदेश दिए गए और 19 फरवरी 2026 को मटौर थाने में एफआईआर दर्ज की गई। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 316 और 318 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
राकेश सोमन का राजनीतिक बैकग्राउंड भी चर्चा में है। वह मूल रूप से होशियारपुर का रहने वाला है। 2024 लोकसभा चुनाव में बहुजन समाज पार्टी (BSP) ने उसे उम्मीदवार घोषित किया था। हालांकि, बाद में उसने पार्टी छोड़ दी और भगवंत मान की मौजूदगी में AAP में शामिल हो गया।
सख्त कार्रवाई की जाएगी
पुलिस का कहना है कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है और यदि अन्य लोग भी इसमें शामिल पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद क्षेत्र में राजनीतिक और कारोबारी हलकों में हलचल बढ़ गई है।