Sunday, 20 September 2026
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Punjab News: पंजाब में पेट्रोल पंपों पर ₹2,000 से ज्यादा UPI पेमेंट होगी बंद, वाहन चालकों को रखना होगा कैश, जाने वजह
डेली संवाद, जालंधर। Punjab Petrol Pump UPI Payment: पंजाब में पेट्रोल-डीजल भरवाने वाले वाहन चालकों के लिए आने वाले दिनों में पेमेंट का तरीका बदल सकता है। पंजाब के पेट्रोल पंप डीलर्स ने ₹2,000 से अधिक के UPI भुगतान को स्वीकार नहीं करने की चेतावनी दी है। डीलरों का कहना है कि नए Merchant Discount Rate (MDR) के कारण पहले से सीमित मार्जिन पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, नए MDR फ्रेमवर्क के तहत 15 अक्टूबर 2026 से ₹2,000 से अधिक के चुनिंदा Person-to-Merchant UPI लेनदेन पर शुल्क लागू होना है। पेट्रोल और फ्यूल सेक्टर के लिए ₹5 प्रति लेनदेन का फ्लैट MDR निर्धारित किया गया है।
पेट्रोल पंप डीलर्स ने जताया विरोध
पंजाब (Punjab) पेट्रोल पंप डीलर्स एसोसिएशन (PADAP) ने UPI पर MDR लागू किए जाने का विरोध किया है। डीलरों का कहना है कि पेट्रोल-डीजल की बिक्री पर उनका मार्जिन पहले से सीमित है, जबकि कर्मचारियों की सैलरी, बिजली, रखरखाव, सुरक्षा और अन्य संचालन खर्च लगातार बढ़ रहे हैं।
पंजाब और हरियाणा के पेट्रोल पंप डीलर्स ने केंद्र सरकार से फ्यूल आउटलेट्स को UPI MDR से छूट देने की मांग की है। पंजाब के डीलर्स की ओर से केंद्रीय वित्त मंत्रालय और पेट्रोलियम मंत्रालय के समक्ष भी यह मुद्दा उठाए जाने की बात सामने आई है।

₹2,000 से ज्यादा की पेमेंट पर क्या होगा?
अगर डीलरों का विरोध जारी रहता है और MDR से छूट नहीं मिलती, तो पेट्रोल पंपों पर ₹2,000 से ज्यादा की UPI पेमेंट स्वीकार करने से इनकार किया जा सकता है।
इसका मतलब यह होगा कि कार, बस, ट्रक और अन्य बड़े वाहनों में हजारों रुपये का ईंधन भरवाने वाले ग्राहकों को UPI के बजाय कैश या उपलब्ध अन्य भुगतान माध्यमों का इस्तेमाल करना पड़ सकता है।
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हालांकि, MDR का भुगतान ग्राहक से सीधे वसूलने का प्रावधान नहीं है। वित्तीय ढांचे के अनुसार शुल्क व्यापारी पक्ष से जुड़ा है और बैंक/पेमेंट सिस्टम को इसे ग्राहक पर डालने से रोकने के निर्देश दिए गए हैं।
ट्रक ऑपरेटरों की बढ़ सकती है परेशानी
इस फैसले का सबसे ज्यादा असर बड़े वाहनों और खासकर ट्रक ऑपरेटरों पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। एक ट्रक में एक बार में हजारों रुपये का डीजल भरवाया जाता है और लंबी दूरी के सफर से पहले ड्राइवर अक्सर टंकी फुल करवाते हैं।
अगर ₹2,000 से ज्यादा की UPI पेमेंट बंद होती है तो ट्रक ऑपरेटरों को बड़ी रकम कैश में लेकर चलना पड़ सकता है। ट्रक ऑपरेटर संगठनों ने इसी वजह से सुरक्षा संबंधी चिंता जताई है और सरकार से MDR व्यवस्था में राहत देने की मांग की है।
पेट्रोल पंपों पर रोजाना करोड़ों की UPI पेमेंट
पंजाब में बड़ी संख्या में पेट्रोल पंप हैं और ईंधन खरीदने के लिए UPI का इस्तेमाल तेजी से बढ़ा है। खासकर कार मालिकों, ट्रक ड्राइवरों और अन्य कमर्शियल वाहन चालकों के बीच डिजिटल भुगतान आम हो चुका है।
डीलरों का कहना है कि बड़ी राशि के UPI भुगतान पर लगने वाला MDR उनके लिए अतिरिक्त लागत पैदा करेगा। देश के विभिन्न हिस्सों में पेट्रोल पंप डीलर्स ने इसी मुद्दे पर ₹2,000 से ज्यादा के UPI भुगतान को रोकने की चेतावनी दी है।
सरकार से MDR हटाने की मांग
पेट्रोल पंप डीलर्स का कहना है कि -
फ्यूल सेक्टर को MDR से राहत दी जानी चाहिए। उनका तर्क है कि पेट्रोल-डीजल के दाम और डीलर मार्जिन की व्यवस्था सामान्य व्यापार से अलग है, इसलिए अतिरिक्त डिजिटल पेमेंट शुल्क का बोझ उनके लिए मुश्किल पैदा कर सकता है।
यदि सरकार की ओर से राहत नहीं मिलती तो पंजाब में पेट्रोल पंप डीलर्स UPI भुगतान को सीमित करने के साथ-साथ आंदोलन या हड़ताल जैसे कदम उठाने की चेतावनी दे रहे हैं।
ग्राहकों के लिए क्या बदलेगा?
₹2,000 तक के UPI भुगतान पर यह नया MDR लागू नहीं होगा।
₹2,000 से ज्यादा के चुनिंदा P2M भुगतान पर MDR व्यवस्था 15 अक्टूबर 2026 से लागू होनी है।
फ्यूल सेक्टर के लिए ₹5 फ्लैट MDR की जानकारी दी गई है।
ग्राहक से अलग से MDR वसूलने का प्रावधान नहीं है।
अगर पेट्रोल पंप डीलर्स UPI स्वीकार करना सीमित करते हैं, तो बड़े भुगतान के लिए कैश या अन्य माध्यम की जरूरत पड़ सकती है।