Sunday, 18 January 2026
हरियाणा
Rohtak News: नसबंदी के बाद 29 कुत्तों की मौत, अफसरों में मचा हड़कंप, नगर निगम और संस्था के खिलाफ FIR दर्ज
डेली संवाद, रोहतक।
Rohtak News: नसंबदी के बाद एक साथ 29 कुत्तों की मौत से शहर में हड़तकंप मच गया है। कुत्तों के शवों पर कीड़े पड़ चुके थे, जिससे अंदेशा जताया जा रहा है कि उनकी मौत कई दिन पहले हो चुकी थी। घटना सामने आते ही पशु प्रेमियों और सामाजिक संगठनों में भारी रोष देखने को मिला।
पशु प्रेमियों का आरोप है कि इन कुत्तों की मौत नसबंदी सर्जरी के बाद हुई और पूरी प्रक्रिया में गंभीर लापरवाही बरती गई। मामले ने तूल पकड़ते ही पुलिस ने नसबंदी का कार्य करने वाली संस्था नैन फाउंडेशन और रोहतक नगर निगम (Municipal Corporation Rohtak) के खिलाफ FIR दर्ज कर ली।
[caption id="attachment_99840" align="aligncenter" width="1200"]
Municipal Corporation Rohtak[/caption]
Aggressive Dogs[/caption]
Stray Dogs[/caption]
उसने बताया कि जब कभी चेकिंग होती है, तब कुत्तों को अंडे और सोयाबीन खिलाए जाते हैं, जबकि रोजमर्रा में सिर्फ चावल दिए जाते हैं। कर्मचारी के अनुसार, भूख के कारण कुत्ते कई बार एक-दूसरे पर हमला कर देते हैं और अगर कोई कुत्ता मर जाए तो अन्य कुत्ते उसे नोचकर खा जाते हैं।
Municipal Corporation Rohtak[/caption]
SDM की अगुवाई में जांच कमेटी
मामला हरियाणा (Haryana) के रोहतक नगर निगम (Municipal Corporation Rohtak) का है। कुत्तों की मौत के बाद नगर निगम प्रशासन में भी हड़कंप मच गया है। हालात को संभालने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए निगम कमिश्नर डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने SDM की अगुआई में एक जांच कमेटी का गठन किया है। जानकारी के अनुसार, 14 जनवरी को गठित की गई यह सात सदस्यीय कमेटी SDM आशीष शर्मा के नेतृत्व में काम करेगी। कमेटी में वेटरनरी डॉक्टर कपिल देव, नगर निगम के चीफ सेनेटरी इंस्पेक्टर (CSI) सहित अन्य अधिकारी शामिल हैं। यह टीम कुत्तों की मौत के कारणों, नसबंदी प्रक्रिया, शेल्टर होम की व्यवस्थाओं और जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की जांच करेगी। [caption id="attachment_88600" align="aligncenter" width="1200"]
Aggressive Dogs[/caption]
रूटीन में कुत्तों की मौत
शुरुआत में नैन फाउंडेशन ने इन कुत्तों को अपने शेल्टर होम से जुड़ा होने से इनकार कर दिया था। हालांकि बाद में फाउंडेशन ने यह स्वीकार किया कि उनके यहां रूटीन में कुत्तों की मौत होती रहती है। इस बयान के बाद फाउंडेशन की कार्यप्रणाली पर और भी सवाल खड़े हो गए।यह भी पढ़ें: जालंधर में सुपर क्रीमिका स्वीट्स और Zomato को लीगल नोटिस जारी
मामले के बढ़ते दबाव के बीच नैन फाउंडेशन के मालिक ने सात पन्नों की एक लिखित सफाई जारी की है। इसमें उन्होंने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उनके खिलाफ टारगेटेड कार्रवाई की जा रही है और जानबूझकर संस्था की छवि खराब की जा रही है।शेल्टर होम की अंदरूनी हालत
इसी बीच नैन फाउंडेशन का एक कर्मचारी भी सामने आया है, जिसने शेल्टर होम की अंदरूनी हालत को लेकर गंभीर खुलासे किए हैं। कर्मचारी का दावा है कि शेल्टर में कुत्तों को न तो ढंग का खाना दिया जाता है और न ही उनकी सही देखभाल की जाती है। [caption id="attachment_81625" align="aligncenter" width="1200"]
Stray Dogs[/caption]
उसने बताया कि जब कभी चेकिंग होती है, तब कुत्तों को अंडे और सोयाबीन खिलाए जाते हैं, जबकि रोजमर्रा में सिर्फ चावल दिए जाते हैं। कर्मचारी के अनुसार, भूख के कारण कुत्ते कई बार एक-दूसरे पर हमला कर देते हैं और अगर कोई कुत्ता मर जाए तो अन्य कुत्ते उसे नोचकर खा जाते हैं।