डेली संवाद, चंडीगढ़। Punjab News: पंजाब (Punjab) में नागरिकों की सुरक्षा को बढ़ाने और समय पर एमरजैंसी रिस्पांस सेवाओं में सुधार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए स्पेशल डायरेक्टर जनरल ऑफ़ पुलिस (विशेष डीजीपी) कानून और व्यवस्था अर्पित शुक्ला ने आज एमरजैंसी रिस्पांस स्पोर्ट सिस्टम (ईआरएसएस-112) के तहत एमरजैंसी रिस्पांस वाहनों (ईआरवीज) को 165 नए स्मार्टफोन्स प्रदान किए गए।
यह भी पढ़ें: कनाडा सरकार ने एक्सप्रेस एंट्री में किया गया बदलाव, पंजाबियों पर पड़ेगा असर
डीजीपी पंजाब गौरव यादव के निर्देश पर शुरू की गई इस पहल का उद्देश्य डायल 112 हेल्पलाइन – पब्लिक सेफ्टी अंसरिंग पॉइंट को और अधिक सुचारू बनाना है, जिस पर अब तक 2.34 करोड़ से अधिक फोन कॉलें सुनी गई हैं और लगभग 20.05 लाख केस दर्ज किए हैं।
नए वितरित स्मार्टफोन्स के साथ लैस
डयूल-सिम क्षमताओं और 5जी तकनीक से लैस ये स्मार्टफोन एमरजैंसी रिस्पांस वाहनों में लगाए गए मौजूदा मोबाइल डेटा टर्मिनलों (एमडीटीज़) के साथ बैकअप संचार साधन के रूप में काम करेंगे। बताने योग्य है कि राज्य में 258 एमरजैंसी रिस्पांस वाहन हैं जिनमें 241 चार-पहिया वाहन और 17 दो-पहिया वाहन शामिल हैं, जिनमें से 165 अत्याधुनिक एमडीटीज़ और नए वितरित स्मार्टफोन्स के साथ लैस हैं।
मौके पर पहुँचने में लगभग 10 से 25 मिनट लगते
विशेष डीजीपी अर्पित शुक्ला ने बताया कि इस समय प्रत्येक ईआरवी में एमडीटी लगे हुए हैं और अब डयूल-सिम वाले नए स्मार्टफोन्स एक नेटवर्क फेल होने की सूरत में भी सुचारू कनेक्टिविटी को सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने आगे कहा कि इस डयूल-डिवाइस सिस्टम से ईआरवीज़ का जवाब देने का समय और कम होने की उम्मीद है। बताने योग्य है कि वर्तमान समय में ईआरवीज़ को मौके पर पहुँचने में लगभग 10 से 25 मिनट लगते हैं।
जल्द ही इसे व्हाट्सएप के साथ भी जोड़ा जा रहा
उन्होंने ईआरएसएस -112 के परिवर्तनीय सुधारों को उजागर करते हुए बताया कि ईआरएसएस -112 के माध्यम से पहले ही संचार चैनलों को चैटबॉट्स, सोशल मीडिया और आईओटी उपकरणों की सुविधा से जोड़ा गया है और जल्द ही इसे व्हाट्सएप के साथ भी जोड़ा जा रहा है। विशेष डीजीपी ने बताया कि आगामी हीट मैप विशेषता के साथ 1098, 101, 108, और 181 सहित महत्वपूर्ण हेल्पलाइनों को एक ही प्रणाली में जोड़ने से अपराधों के हॉटस्पॉट्स की पहचान करने और उनके खिलाफ समय पर कार्रवाई करने में महत्वपूर्ण क्रांति देखने को मिलेगी।

उन्होंने आगे बताया कि हीट मैप राज्य भर में अपराध के हॉटस्पॉट्स को लूट, डकैती और अन्य बड़े अपराधों सहित घटनाओं के संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान करने योग्य बनाएगा, जिससे टार्गेटेड पुलिसिंग को अधिक सक्षम बनाया जा सकेगा। डायल 112 पीएसएपी को पंजाब के एमरजैंसी रिस्पांस सिस्टम का मुख्य केंद्र बताते हुए, उन्होंने कहा कि यह हेल्पलाइन रोजाना लगभग 15,000 कॉल्स को हैंडल करती है और लगभग 1,500 केस दर्ज होते हैं।
ईआरवी खरीदने का प्रस्ताव भी रख रही
उन्होंने आगे कहा कि पंजाब पुलिस ईआरएसएस के अंतर्गत वाहनों के बेड़े का विस्तार करने के लिए और ईआरवी खरीदने का प्रस्ताव भी रख रही है ताकि राज्य भर में कवरेज को और बेहतर बनाया जा सके और नागरिकों को तुरंत सहायता प्रदान करने वाले वाहनों के रिस्पांस समय को और घटाया जा सके।
बताने योग्य है कि ईआरवी 1080पी रिज़ॉल्यूशन वाले डैश कैमरे और 256 जीबी मेमोरी कार्ड, पोर्टेबल एम्प्लिफायर, आग बुझाने वाले यंत्र और जीपीएस सिस्टम से लैस हैं। ये अपग्रेडेशन और 2,100 पुलिस कर्मियों को एमडीटीज़ के कामकाज का प्रशिक्षण देना, जन सुरक्षा के लिए अत्याधुनिक तकनीकी की उपयोगिता के प्रति विभाग की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।


