UP News: उत्तर प्रदेश में सिंचाई क्रांति, तीन बड़ी सिंचाई परियोजनाओं के लिए नाबार्ड ने स्वीकृत की धनराशि

केंद्र सरकार के जल शक्ति मंत्रालय की दीर्घकालिक सिंचाई कोष योजना (एटीआईएफ) के तहत प्रदेश में 3 बड़ी नहर परियोजनाओं के विकास कार्य के लिए नाबार्ड की ओर से 6,431.34 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।

Muskaan Dogra
5 Min Read
Yogi Adityanath
Highlights
  • प्रदेश ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की
  • 6,431.34 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत
  • लाभान्वित होगें 30 लाख से अधिक किसान
WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

डेली संवाद, लखनऊ। UP News: उत्तर प्रदेश (Uttar Praesh) में सिंचाई क्षमता का पूर्ण विकास करने की दिशा में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयासों से प्रदेश ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। केंद्र सरकार के जल शक्ति मंत्रालय की दीर्घकालिक सिंचाई कोष योजना (एटीआईएफ) के तहत प्रदेश में 3 बड़ी नहर परियोजनाओं के विकास कार्य के लिए नाबार्ड की ओर से 6,431.34 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है।

इसके तहत बुंदेलखंड क्षेत्र में अर्जुन सहायक नहर, पूर्वाचंल के क्षेत्र में सरयू नहर और संभल, मुरादाबाद, अमरोहा जनपद में मध्य गंगा नहर परियोजना के दूसरे चरण का निर्माण किया जाएगा। ये परियोजनाएं पूर्वी, पश्चिमी यूपी (UP) में बाढ़ नियंत्रण के साथ बुंदेलखंड के सूखा प्रभावित क्षेत्र में सिंचाई क्षमता का विकास करने के साथ कृषि उत्पादन और उत्पादन क्षेत्र दोनों में बढ़ोतरी लाएगीं। साथ ही नदियों के चैनलाइजेशन से ग्लोबल वार्मिंग की चुनौति का समाना करने में भी प्रदेश को सक्षम बनाएगीं।

CM Yogi Adityanath
CM Yogi Adityanath

बुंदेलखंड में अर्जुन सहायक परियोजना का होगा विकास कार्य जल्द पूरा

केंद्र सरकार की दीर्घकालिक सिंचाई कोष योजना के तहत नाबार्ड के सहयोग से देश के 18 राज्यों में 99 मध्यम और प्रमुख सिंचाई परियोजनाओं का निर्माण और क्षमता विस्तार किया जा रहा है। मुख्य सचिव के साथ नाबार्ड के अधिकारियों ने बैठक में बताया कि इस क्रम में बुंदेलखंड के सूखा प्रभावित क्षेत्र में अर्जुन सहायक परियोजना के लिए 1,353.86 करोड़ रुपये स्वीकृत किया गया है।

यह भी पढ़ें: जालंधर में दबंग ठेकेदार के आगे अफसर और नेता सभी ‘नतमस्तक’

ये परियोजना महोबा, हमीरपुर और बांदा जिलों को कवर करती है। बुंदेलखंड की धसान नदी पर बनी परियोजना के कई हिस्सों का काम पूरा हो चुका है, स्वीकृत धनराशि से विशेष रूप से हमीरपुर जिले में शेष कार्य को जल्द पूरा किया जाएगा। परियोजना के पूरा होने से बुंदेलखंड क्षेत्र के सूखाग्रस्त किसानों की बारिश पर निर्भरता कम होगी ही, उत्पादन और उत्पादन क्षेत्र दोनों में वृद्धि होगी। साथ ही ये परियोजना क्षेत्र में पेयजल संकट और मवेशियों के लिए भी जल उपलब्ध करायेगी, जिससे किसानों की आय में बढ़ोतरी होगी।

सरयू नहर परियोजना से लाभान्वित होगें 30 लाख से अधिक किसान

जल शक्ति मंत्रालय की एलटीआईएफ योजना के तहत यूपी की दूसरी महत्वपूर्ण परियोजना सरयू नहर के लिए 1,899.35 करोड रुपये स्वीकृत किये गये हैं। ये परियोजना बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, गोण्डा, बस्ती, संत कबीर नगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर और गोरखपुर जिलों में फैली हुई है। परियोजना के निर्माण से पूर्वी उत्तर प्रदेश के घनी आबादी वाले इन जिलों को जल संकट से निजात मिलेगी। साथ ही सरयू, राप्ती, बांणगंगा और रोहिनी नदी के अतिरेक पानी का चैनलाईजेशन कर कृषि क्षेत्र और उत्पादन में भी वृद्धि लाएगी। परियोजना पूरा होने से 6,227 गांवों के 30 लाख से अधिक किसानों को लाभ होगा और 15 लाख हेक्टेयर क्षेत्र को सुनियोजित सिंचाई की सुविधा मिलेगी। साथ ही सिंचाई, पेयजल और मत्स्य पालन के अवसर भी बढ़ेंगे।

Farmers
Farmers

पश्चिमी यूपी में मध्यगंगा चरण-2 का निर्माण जल्द होगा पूरा

इस क्रम में तीसरी परियोजना मध्य गंगा चरण-2 को स्वीकृति मिली है, जिसके लिए नाबार्ड ने 3,178.04 करोड रुपये स्वीकृत किए है। मध्य गंगा चरण-2 के तहत पश्चिमी उत्तर प्रदेश के संभल, मुरादाबाद और अमरोहा जिले विशेषतौर पर लाभान्वित होगें। परियोजना के निर्माण से गंगा बेसिन के क्षेत्र में बाढ़ नियंत्रण और सिंचाई क्षमता में अभूतपूर्व सुधार होगा। नाबार्ड के अधिकारियों ने बैठक में बताया कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से उत्तर प्रदेश के पूर्वी, पश्चिमी और बुंदेलखंड में सिंचाई व्यवस्था के साथ कृषि और संबद्ध क्षेत्र से जुड़े किसानों की आय बढ़ेगी। साथ ही ही ग्लोबल वार्मिंग के संकट का सामना करने में भी प्रदेश को सक्षम बनाएगी।















Share This Article
Follow:
मुस्कान डोगरा, डेली संवाद ऑनलाइन में डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। वे क्राइम, राजनीति और लोकल खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। वह 4 सालों से अधिक समय से Daily Samvad (Digital) में पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत डेली संवाद से की। उन्होंने हरियाणा के महर्षि दयानंद युनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन की डिग्री हासिल की है।
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *