डेली संवाद, हरियाणा। Haryana News: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि प्रदेश के राजा नहीं बल्कि एक किसान के बेटे हैं और उन्होंने स्वयं खेती की है। किसानों के हित उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
उन्होंने बताया कि ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ पोर्टल के तहत प्रदेश की मंडियों में 10.07 लाख किसानों का पंजीकरण हुआ है और ई-खरीद पोर्टल और मोबाइल एप के माध्यम से 13.47 लाख डिजिटल गेट पास जारी किए गए हैं, जबकि भुगतान 48 से 72 घंटे में सीधे किसानों के खातों में सुनिश्चित किया जा रहा है।
गुणवत्ता मानकों में भी राहत
मंडियों को 24 घंटे खुला रखा गया है, आढ़तियों का कमीशन रु33.75 से बढ़ाकर रु55 प्रति क्विंटल किया गया है और गुणवत्ता मानकों में भी राहत दी गई है।
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मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि हर किसान को उसकी मेहनत का पूरा मूल्य समय पर और सम्मान के साथ मिले, साथ ही अगले सीजन से ‘किसान ई-खरीद एप’ और धान मिलरों के भुगतान को भी इसी प्रणाली से जोड़ा जाएगा।










