Blinkit 10 Minute Delivery: अब ब्लिंकिट से 10 मिनट में नहीं पहुंचेगा सामान, कंपनी ने बंद की ये डिलीवरी सर्विस

क्विक कॉमर्स की तेज रफ्तार पर अब ब्रेक लग गया है। दरअसल यूनियन लेबर मंत्री मनसुख मांडविया के लगातार प्रयासों और कई दौर की बैठकों के बाद ब्लिंकिट (Blinkit) जैसी क्विक कॉमर्स कंपनियों ने अपना 10 मिनट का दावा हटा दिया है।

Muskaan Dogra
2 Min Read
Blinkit 10 Minute Delivery
Punjab Government
Highlights
  • ब्लिंकिट ने हटाया 10 मिनट में डिलीवरी का दावा
  • हड़ताल और सरकार की दखल के बाद लिया फैसला
  • जोमैटो और स्विगी ने भी मानी सरकार की बात
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डेली संवाद, नई दिल्ली। Blinkit 10 Minute Delivery: अगर आप भी ब्लिंकिट (Blinkit) से आर्डर करने के शौकीन है तो ये खबर आपके लिए बहुत जरूरी है। दरअसल अब अगर आप ब्लिंकिट से सामान आर्डर करते है तो वह आपके पास 10 मिनट में नहीं पहुंच पाएगा।

मिली जानकारी के मुताबिक क्विक कॉमर्स की तेज रफ्तार पर अब ब्रेक लग गया है। दरअसल यूनियन लेबर मंत्री मनसुख मांडविया के लगातार प्रयासों और कई दौर की बैठकों के बाद ब्लिंकिट (Blinkit) जैसी क्विक कॉमर्स कंपनियों ने अपना 10 मिनट का दावा हटा दिया है।

डिलीवर वर्कर्स की हड़ताल

ये फैसला डिलीवर वर्कर्स की हड़ताल के बाद लिया गया है। बता दे कि ब्लिंकिट (Blinkit) जैसी क्विक कॉमर्स कंपनियों ने दावा किया था कि अगर आप यहां से कुछ भी आर्डर करते है तो वह आपके पास 10 मिनट के अंदर पहुंच जाएगा जोकि डिलीवरी वर्कर्स के लिए परेशानी बनती जा रही थी।

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दरअसल कई बार जल्द के चक्कर में डिलीवरी वर्कर्स सड़क हादसे का शिकार हो जाते थे जिसके विरुद्ध में उन्होंने हड़ताल की थी। वहीं अब सरकार के साथ हुई बैठक में ब्लिंकिट के अलावा स्विगी, जोमैटो और जेप्टो ने भी भरोसा दिया है कि वे अब ग्राहकों से समय सीमा का वादा करने वाले विज्ञापन नहीं करेंगे।

Zomato
Zomato

ब्रांडिंग में बड़ा बदलाव

ब्लिंकिट ने इस निर्देश पर सबसे पहले अमल किया है। कंपनी ने अपनी ब्रांडिंग में बड़ा बदलाव किया है। पहले जहां उनका मुख्य टैगलाइन था, ‘10,000+ प्रोडक्ट्स 10 मिनट में डिलीवर’, अब इसे बदलकर कर दिया गया है, ‘30,000+ प्रोडक्ट्स आपके दरवाजे पर’।

ये कंपनियां अब अपनी मार्केटिंग स्ट्रैटजी में बदलाव करेंगी। अब तक ’10 मिनट’ इन कंपनियों का सबसे बड़ा यूएसपी हुआ करता था। हालांकि, कंपनियों ने स्पष्ट किया है कि वे अपनी ऑपरेशनल एफिशिएंसी (कार्यक्षमता) को कम नहीं करेंगी, लेकिन विज्ञापनों के जरिए ग्राहकों में ऐसी उम्मीद नहीं जगाएंगी जिससे राइडर्स पर दबाव बने।

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मुस्कान डोगरा, डेली संवाद ऑनलाइन में डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। वे क्राइम, राजनीति और लोकल खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। वह 4 सालों से अधिक समय से Daily Samvad (Digital) में पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत डेली संवाद से की। उन्होंने हरियाणा के महर्षि दयानंद युनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन की डिग्री हासिल की है।
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