
आगरा। अमेरिकी राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के आगरा दौरे को देखते हुए जबरदस्त सुरक्षा इंतजाम किया जा रहा है। हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप और उनके परिवार के सुरक्षा की जिम्मेदारी अमेरिकी सीक्रेट सर्विस के पास होगी। लेकिन बाहरी सुरक्षा की जिम्मेदारी एनएसजी और यूपी पुलिस के हवाले है। सुरक्षा ऐसी की गई है कि आकाश से पाताल तक, परिंदा भी पर न मार सके। लेकिन सुरक्षा एजेंसियां एक खतरे को लेकर चिंतित हैं।
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सुरक्षा एजेंसियों के चिंता की वजह बना यह खतरा बंदर हैं, जिन्होंने इलाके में काफी उत्पात मचा रखा है, लिहाजा सुरक्षा व्यवस्था में कोई चूक न हो जाए इसके लिए खासतौर पर लंगूरों को भी तैनात किया जा रहा है। इन लंगूरों के पास बंदरों के उत्पात को रोकने का दारोमदार होगा। ऐसे पांच लंगूरों की तैनाती राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के रूट पर की जा रही है। 24 फरवरी को ट्रंप की यात्रा को लेकर सुरक्षा घेरा तैयार कर लिया गया है।
हालांकि, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर अफसरों को कुछ भी बताने का निर्देश नहीं है, लेकिन जो जानकारी सामने आई है, उसके अनुसार 10 कंपनी अर्धसैनिक बल, 10 कंपनी पीएसी के साथ एटीएस और एनएसजी के कमांडो को तैनात किया जाएगा। एक कंपनी में करीब 100 जवान होते हैं। ताजमहल का दीदार करने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप और उनकी पत्नी मेलानिया 24 फरवरी को आगरा आएंगे।
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आगरा प्रशासन के मुताबिक, ताजमहल और एयरपोर्ट के बीच सुरक्षा व्यवस्था के लिए कई जिलों की पुलिस को लगाया गया है। पैरा मिलिटरी फोर्स, पीएसी, एनएसजी कमांडो, एटीएस सड़क और छतों पर तैनात रहेंगे। वहीं, दूसरी तरफ अमेरिकी टीम सैटलाइट से भी निगरानी करेगी। इस वजह से ट्रंप जहां से भी गुजरेंगे वहां के मोबाइल ऑटोमेटिक बन्द हो जाएंगे। पुलिस के वायरलेस और सीयूजी फोन्स की फ्रीक्वेंसी पहले से दे दिए जाने के कारण उनके संचार के साधन चलते रहेंगे।










