नागरिक बिल के विरोध में पूर्वोत्तर में तोड़फोड़, सेना अलर्ट पर, असम के 10 जिलों में इंटरनेट बंद

Daily Samvad
5 Min Read
WhatsApp Group Join Now
WhatsApp Channel Join Now

नई दिल्ली। नागरिकता संशोधन बिल के खिलाफ पूर्वोत्तर सुलग उठा है। असम, त्रिपुरा, मणिपुर, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश और मेघालय में बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतरे और उग्र प्रदर्शन किया। कई जगह से आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं भी सामने आईं।

असम के डिब्रूगढ़ में प्रदर्शनकारियों ने देर रात मुख्यमंत्री सर्वानांद सोनोवाल के घर पर पथराव किया। डिब्रूगढ़ के पुलिस उपायुक्त पल्लव गोपाल झा ने बताया कि बुधवार रात कुछ लोग लखीनगर क्षेत्र स्थित मुख्यमंत्री के आवास की ओर पहुंचे और उन्होंने पत्थर फेंके। मुख्यमंत्री निवास पर तैनात एक कर्मचारी ने बताया कि पथराव से खिड़कियों के शीशे टूट गए। पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे थे। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि प्रदर्शनकारियों ने भाजपा विधायक प्रशांत फुकन और सुभाष दत्ता के घरों में भी तोड़फोड़ की।

केंद्रीय मंत्री के घर पर हमला

असम के दुलियाजन में नागरिकता विधेयक का विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय मंत्री रामेश्वर तेली के घर पर हमला किया, जिसमें संपत्तियों को काफी नुकसान पहुंचा। असम में हजारों छात्रों और आम लोगों ने दिसपुर चलो मार्च निकाला और तीन घंटे से ज्यादा समय तक राज्य सचिवालय की घेराबंदी की। प्रदर्शनकारियों ने कई बार टायर और होर्डिंग्स जलाईं।

इस दौरान सुरक्षा बलों ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए रबर की गोलियां चलाईं, पानी की बौछारें छोड़ी और आंसू गैस छोड़े। पुलिस ने विभिन्न छात्र संगठनों के कई नेताओं को गिरफ्तार भी किया गया है। अधिकारियों से पुष्टि नहीं हो सकी, लेकिन खबरें मिली हैं कि गुवाहाटी, डिब्रूगढ़ और जोरहाट जैसे स्थानों पर सैकड़ों प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है।

सेना मुख्यालय की करीबी नजर

पूर्वोत्तर में हो रहे हिंसक विरोध प्रदर्शनों पर सेना मुख्यालय की बारीक नजर है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सेना की दो टुकड़ियों को त्रिपुरा भेजा गया है, जहां प्रस्तावित कानून के खिलाफ व्यापक प्रदर्शन हो रहे हैं। एक टुकड़ी में करीब 70 सैन्यकर्मी हैं।

राजधानी गुवाहाटी में बिगड़ती कानून व्यवस्था को संभालने के लिए बुधवार (11 दिसंबर) शाम कर्फ्यू लगा दिया गया। असम के पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंत ने बताया कि कर्फ्यू गुरुवार 12 दिसंबर) की सुबह सात बजे तक प्रभावी रहेगा। हालांकि, असम के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक कानून और व्यवस्था मुकेश अग्रवाल ने बताया कि हिंसक विरोध को देखते हुए गुवाहाटी में कर्फ्यू को अनिश्चितकाल के लिए बढ़ाया गय। राज्य सरकार ने सेना की दो टुकड़ियों की मांग की है और उन्हें बोंगाइगाँव और डिब्रूगढ़ में तैयार रखा गया है।

शहरों में व्यापक विरोध प्रदर्शन के बीच असम के 10 जिलों में बुधवार की शाम सात बजे से 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी। राज्य सरकार के अधिकारियों ने यह जानकारी देते हुए बताया कि शांति भंग करने के लिए सोशल मीडिया के दुरुपयोग को रोकने और कानून एवं व्यवस्था की स्थिति बनाये रखने के लिए इंटरनेट सेवाओं को स्थगित रखा जायेगा। अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह और राजनीतिक विभाग) कुमार संजय कृष्णा द्वारा जारी एक अधिसूचना के अनुसार लखीमपुर, धेमाजी, तिनसुकिया, डिब्रूगढ़, चराइदेव, शिवसागर, जोरहाट, गोलाघाट, कामरूप (मेट्रो) और कामरूप में इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी।

48 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं पहले से ही बंद हैं

शरारती तत्वों के शांति को भंग करने के प्रयासों को विफल करने के लिए पूरे त्रिपुरा राज्य में भी मंगलवार (10 दिसंबर) को अपराह्र दो बजे से 48 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं पहले से ही बंद हैं। त्रिपुरा में इंटरनेट सेवाएं बुधवार (11 दिसंबर) को दूसरे दिन भी बंद रहीं। अधिकारियों ने बताया कि इंटरनेट सेवाएं बृहस्पतिवार (12 दिसंबर) तक बंद रहेंगी। उन्होंने बताया कि ट्रेन और बस सेवाएं भी रोक दी गई हैं।

त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने अगरतला में संवाददाता सम्मेलन में कहा कि राज्य के किसी भी स्थान पर सेना तैनात नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि असम राइफल्स की टुकड़ियों को हिंसाग्रस्त धलाई जिले में तैनात रखा गया है जबकि कुछ अन्य स्थानों पर बीएसएफ और सीआरपीएफ के जवान सुरक्षा में तैनात हैं। 10 जिलों में 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई। 5000 जवानों को विमान से पूर्वोत्तर के राज्यों में भेजा गया।

















TAGGED:
Share This Article
Follow:
Daily Samvad एक विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट है, जहां हम देश-दुनिया, राजनीतिक विश्लेषण, प्रदेश, शिक्षा, बिज़नेस, मनोरंजन, खेल, स्वास्थ्य सहित हर क्षेत्र की ख़बरें सरल भाषा में आप तक पहुंचाते हैं। हमारा उद्देश्य है—जनता की आवाज़ बनकर निष्पक्ष पत्रकारिता को आगे बढ़ाना। डेली संवाद ऑनलाइन के महाबीर जायसवाल फाउंडर चीफ एडिटर हैं। वे राजनीति, अपराध, देश-दुनिया की खबरों पर दमदार पकड़ रखते हैं। उन्होंने पत्रकारिता करियर की शुरुआत राजनीति की खबरों से की, जबकि उनके पास, अमर उजाला, दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण में रिपोर्टिंग से लेकर एडिटर तक 25 साल से अधिक पत्रकारिता का अनुभव है। वे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और भारत सरकार के कैबिनेट मंत्री गजेंद्र शेखावत के Media Consultant भी रहे हैं। उन्होंने इलाहाबाद की यूनिवर्सिटी से मास कॉम्यूनिकेशन, बीए और एमए की डिग्री हासिल की है। संपर्क नंबर: +91-98881-90945 ईमेल: mmmmediahouse@gmail.com
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *