Skip to content

Punjab Bandh: कल यानी 27 जुलाई को पंजाब बंद का ऐलान, जालंधर में मीटिंग के दौरान बड़ा फैसला, जाने वजह

बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर कथित लाठीचार्ज के विरोध में वाल्मीकि समाज ने 27 जुलाई को पूरे पंजाब बंद का आह्वान किया है। समाज ने दोषी पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई और निष्पक्ष जांच की मांग की है।

Punjab Bandh: कल यानी 27 जुलाई को पंजाब बंद का ऐलान, जालंधर में मीटिंग के दौरान बड़ा फैसला, जाने वजह
Share Facebook X WhatsApp Telegram Email
View in ePaper

डेली संवाद, चंडीगढ़/बरनाला। Punjab Bandh: पंजाब के बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में वाल्मीकि समाज का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। घटना के विरोध स्वरूप विभिन्न वाल्मीकि संगठनों ने सर्वसम्मति से 27 जुलाई (रविवार) को पूरे पंजाब में बंद का आह्वान किया है। समाज के नेताओं ने आम जनता, व्यापारिक संगठनों, सामाजिक संस्थाओं और सभी वर्गों से इस बंद को सफल बनाने तथा उनके आंदोलन का समर्थन करने की अपील की है।

वाल्मीकि समाज के प्रतिनिधियों का कहना है कि बरनाला में शांतिपूर्ण ढंग से अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों पर हुए कथित लाठीचार्ज से पूरे समाज में गहरा रोष व्याप्त है। उनका आरोप है कि कर्मचारियों की आवाज सुनने के बजाय उन पर बल प्रयोग किया गया, जिसे किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था में उचित नहीं ठहराया जा सकता।

निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच की मांग

समाज के नेताओं ने पंजाब सरकार और प्रशासन से मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कराई जाए। साथ ही, प्रदर्शनकारियों पर बल प्रयोग करने के लिए जिम्मेदार पुलिस अधिकारियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी मांग की कि घायल कर्मचारियों को उचित न्याय और राहत उपलब्ध कराई जाए।

वाल्मीकि संगठनों ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं, बल्कि कर्मचारियों के सम्मान, अधिकारों और न्याय की मांग को लेकर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि दोषियों के खिलाफ समय रहते कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जा सकता है।

राज्यभर में होंगे शांतिपूर्ण प्रदर्शन

27 जुलाई को प्रस्तावित पंजाब बंद के दौरान विभिन्न जिलों में शांतिपूर्ण धरने, रैलियां और विरोध प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। आंदोलन के आयोजकों ने सभी समर्थकों और नागरिकों से अपील की है कि वे पूरी तरह शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन में भाग लें और किसी भी प्रकार की हिंसा या कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाली गतिविधि से दूर रहें।

उन्होंने प्रशासन से भी सहयोग की अपेक्षा जताते हुए कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन लोकतंत्र का अधिकार है और इसे बिना किसी बाधा के संपन्न कराया जाना चाहिए। साथ ही आम लोगों से भी अपील की गई है कि वे सामाजिक न्याय और कर्मचारियों के अधिकारों के समर्थन में इस बंद को सफल बनाने में सहयोग करें।

सामाजिक संगठनों में भी हलचल तेज

बरनाला लाठीचार्ज को लेकर अब पंजाब की राजनीति और सामाजिक संगठनों में भी हलचल तेज हो गई है। आने वाले दिनों में सरकार इस मामले पर क्या कदम उठाती है, इस पर पूरे राज्य की निगाहें टिकी हुई हैं।