डेली संवाद, संगरूर। Punjab BJP Office Attack: पंजाब में बीजेपी ऑफिस अटैक को लेकर पंजाब में राजनीतिक माहौल एक बार फिर गर्मा गया है। 2027 विधानसभा चुनाव से पहले संगरूर स्थित भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के जिला कार्यालय पर कथित तौर पर पेट्रोल बम से हमला किया गया। इस हमले में कार्यालय की दीवार का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया, जबकि मौके पर आग लगने के स्पष्ट निशान मिले हैं। घटना के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं तथा पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है।
भाजपा नेता रणदीप देओल ने बताया कि सोमवार सुबह कार्यालय के केयरटेकर का फोन आया। उसने कार्यालय में आग लगने की सूचना दी और घटनास्थल की तस्वीरें भी भेजीं। इसके बाद प्रदेश भाजपा अध्यक्ष केवल सिंह ढिल्लों और अन्य पार्टी पदाधिकारियों को मामले की जानकारी दी गई। देओल ने इसे गंभीर सुरक्षा चूक बताते हुए कहा कि यह घटना पंजाब की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आईं तीन अहम बातें
पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, हमलावर बीयर की बोतल में पेट्रोल भरकर लाए थे। इसके बाद बोतल को कार्यालय की आउटडोर गार्डन वाली दीवार के ऊपर से अंदर फेंका गया।
बोतल बिल्डिंग के दो हिस्सों के बीच गिरी, जिससे आग लग गई। घटनास्थल से जले हुए अवशेष और अन्य सबूत मिले हैं। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके।
एफएसएल टीम ने जुटाए सबूत, पुलिस ने बनाई विशेष टीमें
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मौके पर पहुंच गईं। एसएसपी नवजोत ग्रेवाल ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। वहीं संगरूर के एसपी देवेंद्र अत्री ने कहा कि डीएसपी और एसएचओ के नेतृत्व में पुलिस ने मौके का निरीक्षण किया है।
मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL) की टीम ने भी घटनास्थल से सैंपल एकत्र किए हैं। रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट होगा कि हमले में किस प्रकार के ज्वलनशील पदार्थ का इस्तेमाल किया गया।
चार महीने में भाजपा कार्यालय पर दूसरा हमला
यह पहली बार नहीं है जब पंजाब में भाजपा कार्यालय को निशाना बनाया गया हो। इससे पहले 1 अप्रैल 2026 को चंडीगढ़ के सेक्टर-37 स्थित पंजाब भाजपा मुख्यालय के बाहर हैंड ग्रेनेड फेंका गया था। उस घटना में कार्यालय की पार्किंग में खड़े कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए थे, हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई थी।
उस मामले की जांच में पुलिस ने कई आरोपियों को गिरफ्तार किया था। जांच एजेंसियों ने विदेश में बैठे कथित हैंडलरों और प्रतिबंधित संगठन बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) से जुड़े लिंक सामने आने का दावा भी किया था। मामले में चार्जशीट दाखिल की जा चुकी है।
लगातार दूसरी बार भाजपा कार्यालय को निशाना बनाए जाने के बाद पंजाब में राजनीतिक दलों के दफ्तरों की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। फिलहाल पुलिस का कहना है कि सभी पहलुओं पर जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।