डेली संवाद, जालंधर।
Jalandhar News: जालंधर पुलिस कमिश्नर ने सख्त कदम उठाते हुए पुलिस थाने में तैनात एक पुलिस कर्मचारी को सस्पैंड कर दिया है। मामला एक आटो चालक और पुलिसकर्मी के बीच विवाद का है। इस मामले को लेकर थाना बारादरी में उस समय हंगामे की स्थिति बन गई, जब एक ऑटो ड्राइवर के साथ पुलिसकर्मी द्वारा बदतमीजी करने के आरोप सामने आए। आरोप है कि ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी शराब के नशे में था और उसने शिकायत लेकर पहुंचे ऑटो चालक से अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया।
मामला तूल पकड़ने के बाद उच्च अधिकारियों के निर्देश पर संबंधित पुलिसकर्मी को सस्पैंड करते हुए लाइन हाजिर कर दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, जालंधर
(Jalandhar)
में पीड़ित ऑटो ड्राइवर चन्नी का ऑटो पुलिस द्वारा इंपाउंड किया गया था। इसी मामले को लेकर वह अपनी शिकायत दर्ज कराने थाना बारादरी पहुंचा था। आरोप है कि थाने के बाहर ड्यूटी पर मौजूद पुलिसकर्मी ने उससे बेहद अपमानजनक तरीके से बात की।
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Dhanpreet Kaur[/caption]
अपशब्दों का भी प्रयोग
ऑटो ड्राइवर का कहना है कि पुलिसकर्मी न सिर्फ ऊंची आवाज में बोल रहा था, बल्कि अपशब्दों का भी प्रयोग कर रहा था। पीड़ित चन्नी ने बताया कि उसने कई बार पुलिसकर्मी को शांतिपूर्वक अपनी बात समझाने की कोशिश की, लेकिन पुलिसकर्मी ने वर्दी का रौब दिखाते हुए बदतमीजी जारी रखी। पीड़ित का आरोप है कि पुलिसकर्मी शराब के नशे में था, जिस कारण वह किसी की भी बात सुनने को तैयार नहीं था। घटना से आहत होकर ऑटो ड्राइवर ने आसपास मौजूद लोगों को इसकी जानकारी दी, जिसके बाद मामला धीरे-धीरे गरमाने लगा।
घटना की सूचना मिलते ही कांग्रेस पार्षद शैरी चड्ढा मौके पर पहुंचे। उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थक भी मौजूद थे। पार्षद और समर्थकों की मौजूदगी में थाना बारादरी के बाहर जोरदार हंगामा शुरू हो गया। इस दौरान पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। पार्षद शैरी चड्ढा ने आरोप लगाया कि यह बेहद शर्मनाक है कि एक पुलिसकर्मी, जिसे आम जनता की सुरक्षा के लिए तैनात किया जाता है, वह एक गरीब ऑटो ड्राइवर के साथ इस तरह का व्यवहार करे।
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Sharry Chadha Jalandhar[/caption]
ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में था
पार्षद शैरी चड्ढा ने कहा कि अगर पुलिस ही जनता के साथ इस तरह की बदसलूकी करेगी, तो आम आदमी किससे न्याय की उम्मीद करेगा। उन्होंने मांग की कि आरोपी पुलिसकर्मी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और यह भी जांच की जाए कि वह ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में था या नहीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मामले में उचित कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करने से भी पीछे नहीं हटेंगे।
हंगामा बढ़ता देख कुछ समय बाद थाना प्रभारी रविंदर मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शन कर रहे लोगों से बातचीत कर उन्हें शांत कराया। थाना प्रभारी ने बताया कि उन्हें इस संबंध में लिखित शिकायत प्राप्त हो चुकी है। प्राथमिक जांच के बाद संबंधित पुलिसकर्मी को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया गया है।
मामले की निष्पक्ष जांच
थाना प्रभारी रविंदर ने कहा कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि शराब के सेवन से जुड़े आरोप भी जांच के दायरे में हैं और तथ्यों के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि पुलिसकर्मी दोषी पाया जाता है, तो विभागीय नियमों के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल पुलिस प्रशासन द्वारा मामले की जांच जारी है। वहीं, इस घटना के बाद इलाके में पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं पुलिस और जनता के बीच विश्वास को कमजोर करती हैं। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।