डेली संवाद, जालंधर।
Jalandhar News: नगर निगम जालंधर की फाइनेंस एंड कॉन्ट्रैक्ट कमेटी (F&CC) में स्ट्रीट लाइट टेंडरों को लेकर शुरू हुआ विवाद अब ठेकेदारों की व्यापक जांच तक पहुंच गया है। मेयर वनीत धीर ने तीन बड़े ठेकेदारों के खिलाफ बड़ा एक्शन लेने का फैसला किया है। जिससे इन तीनों ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने के साथ कानूनी कार्ऱवाई भी की जा सकती है।
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के मेयर वनीत धीर (Mayor Vaneet Dhir) के आदेश के बाद अफसरों ने संबंधित कंपनियों के दस्तावेजों की गहन जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में एक ठेकेदार द्वारा फर्जी दस्तावेज लगाने का मामला सामने आया है, जिसके खिलाफ ब्लैकलिस्टिंग की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
फर्जी दस्तावेजों के सहारे ठेकेदारी
सूत्रों के अनुसार, दूसरे ठेकेदार के कागजों में भी गंभीर गड़बड़ियां पाई गई हैं। वहीं, तीसरे ठेकेदार को करीब दो वर्ष पूर्व अलॉट किए गए कार्य आज तक अधूरे हैं। ऐसे मामलों में अनुबंध की शर्तों के उल्लंघन को देखते हुए निगम प्रशासन सख्त रुख अपनाने की तैयारी में है।
मेयर वनीत धीर ने स्पष्ट किया कि अधिकारियों को पहले ही सभी संबंधित रिकॉर्ड तलब करने के निर्देश दे दिए गए थे और पूरी कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही अंतिम कार्रवाई की जाएगी। मेयर ने साफ कहा है कि गड़बड़ी करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।
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Mayor Vaneet Dhir and Balbir Singh Bittu[/caption]
एफएंडसीसी की बैठक में मुद्दा
दरअसल, नगर निगम कार्यालय में आयोजित एफएंडसीसी की बैठक के दौरान सीनियर डिप्टी मेयर बलबीर सिंह बिट्टू और डिप्टी मेयर मलकीत सुभाना का आरोप था कि टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं बरती जा रही। इसके बाद मेयर वनीत धीर ने अफसरों को जांच के आदेश दिए।
नगर निगम प्रशासन की ओर से स्पष्ट संकेत दिए गए हैं कि जिन ठेकेदारों ने सड़क निर्माण, ऑपरेशन एंड मेंटेनेंस तथा पार्कों के विकास जैसे कार्य समय पर पूरे नहीं किए हैं, उन्हें भी नोटिस जारी किए जाएंगे। कई परियोजनाओं की डेडलाइन पार हो चुकी है, बावजूद इसके निर्माण कार्य अधूरे हैं। ऐसे मामलों में मेयर कार्यालय की सख्ती देखने को मिल सकती है।
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Mayor Vaneet Dhir[/caption]
ठेकेदारों औऱ अफसरों को चेतावनी
स्ट्रीट लाइट परियोजना को लेकर भी बड़ा निर्णय लिया जा सकता है। जानकारी के मुताबिक, सात स्ट्रीट लाइट टेंडर नए सिरे से जारी किए जा सकते हैं। ये टेंडर जालंधर शहर के अलग-अलग इलाकों में नई एलईडी स्ट्रीट लाइटें लगाने से संबंधित हैं।
इसके अलावा जालंधर कैंट विधानसभा क्षेत्र में हाल ही में निगम सीमा में शामिल किए गए 13 नए गांवों में भी स्ट्रीट लाइट व्यवस्था स्थापित की जानी है। इन गांवों के लिए अलग से टेंडर प्रक्रिया अपनाई जाएगी। शहर के प्रमुख मार्गों पर भी नई रोशनी की योजना है।
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MCJ Jalandhar Daily Samvad[/caption]
मेयर ने अपनाया सख्त रूख
कुल मिलाकर, स्ट्रीट लाइट टेंडर विवाद ने निगम प्रशासन को सख्त रुख अपनाने पर मजबूर कर दिया है। अब सबकी नजर मंगलवार की कार्रवाई पर टिकी है, जब जांच रिपोर्ट के आधार पर दोषी ठेकेदारों पर औपचारिक कदम उठाए जा सकते हैं।