डेली संवाद, मोहाली।
Visa Fraud: पंजाब के मोहाली में कनाडा (Canada) का वर्क वीजा (Work Visa) दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश (UP) के एक युवक से 13.60 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी करने के आरोप में मोहाली के फेज-3ए स्थित एक इमिग्रेशन कंसलटेंसी के संचालक के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोप है कि पैसे लेने के बावजूद न तो वीजा दिलाया गया और न ही पीड़ित का मूल पासपोर्ट वापस किया गया।
जानकारी के अनुसार, उत्तर प्रदेश के गोरखपुर निवासी दीपक जायसवाल, जो वर्तमान में खरड़ के सनी एनक्लेव में रह रहे हैं, ने पुलिस को शिकायत दी है कि उन्होंने कनाडा जाने के लिए मोहाली स्थित ‘वीजा पैलेस’ नामक कंसलटेंसी से संपर्क किया था। कंसलटेंसी के संचालक अमरजीत सिंह ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वह पूरी कानूनी प्रक्रिया के तहत कनाडा का वर्क वीजा लगवा देंगे।
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PR In Canada[/caption]
प्रक्रिया शुरू करने के नाम पर 7 लाख रुपये लिए
शिकायत के मुताबिक, शुरुआत में आरोपी ने वीजा प्रक्रिया शुरू करने के नाम पर 7 लाख रुपये ले लिए। इसके बाद दीपक को एक कथित ‘पासपोर्ट रिक्वेस्ट लेटर’ (PPR) दिखाया गया, जिसे कनाडा एंबेसी से जारी बताया गया। इस पर विश्वास कर पीड़ित ने 3 लाख रुपये और दे दिए।
आरोप है कि बाद में दीपक का चंडीगढ़ स्थित वीएफएस कार्यालय में बायोमेट्रिक भी करवाया गया और वीजा स्टैंपिंग के नाम पर उनका मूल पासपोर्ट जमा करवा लिया गया। इसके कुछ दिन बाद आरोपी ने ‘सुपर प्रायोरिटी वीजा’ के नाम पर एक सप्ताह में वीजा दिलाने का दावा करते हुए 3.60 लाख रुपये और ले लिए।
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Fraud Travel Agent[/caption]
चंडीगढ़ कार्यालय में बायोमेट्रिक करवाया
पीड़ित के अनुसार, कुल 13.60 लाख रुपये देने और एक माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद न तो वीजा मिला और न ही पासपोर्ट वापस किया गया। जब उन्होंने कंसलटेंसी कार्यालय से संपर्क किया तो उन्हें टालमटोल जवाब मिलने लगे।
मामले की जांच के बाद पुलिस ने अमरजीत सिंह के खिलाफ बीएनएस की धारा 316(2), 318(4) तथा इमिग्रेशन एक्ट 1983 की धारा 24 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।