डेली संवाद, पठानकोट। Punjab News: कनाडा के कैलगरी स्थित प्रमुख सिख धार्मिक स्थल दशमेश कल्चर सेंटर को अज्ञात लोगों ने गुरुद्वारा भवन गिराने की धमकी दी है। लगातार आ रहे नस्ली और धमकी भरे फोन कॉल्स के बाद गुरुद्वारा प्रबंधन, स्थानीय प्रशासन और पुलिस सतर्क हो गए हैं। एहतियात के तौर पर गुरुद्वारा परिसर में अतिरिक्त सुरक्षा गार्ड तैनात किए गए हैं।
स्थानीय जानकारी के मुताबिक, इसी नंबर से कनाडा के सवाना स्थित गोबिंद सरवर गुरुद्वारा साहिब को भी इसी तरह की धमकी भरी कॉल मिली है। मामले की शिकायत मिलने के बाद कैलगरी पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
पहले पार्किंग खाली करने को कहा, फिर दी भवन गिराने की धमकी
दशमेश कल्चर सेंटर के चेयरमैन रणबीर सिंह परमार के अनुसार, गुरुद्वारा कार्यालय में लगातार दो संदिग्ध फोन कॉल्स आईं। पहली कॉल में अज्ञात व्यक्ति ने गुरुद्वारे की पार्किंग खाली करने को कहा और दावा किया कि वहां तार बिछाने का काम होना है।
इसके कुछ समय बाद एक अन्य व्यक्ति ने फोन कर खुद को कंस्ट्रक्शन कंपनी का CEO बताया। उसने गुरुद्वारा प्रबंधन के चेयरमैन से बात करते हुए सीधे गुरुद्वारा भवन को गिराने की धमकी दी। रणबीर सिंह परमार ने बताया कि इसी नंबर से गोबिंद सरवर गुरुद्वारा साहिब को भी धमकी दी गई।
कैलगरी पुलिस ने शुरू की जांच
कैलगरी पुलिस सर्विस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि धमकी देने वाले लोग कौन हैं और कॉल के पीछे उनका मकसद क्या था।
पुलिस के मुताबिक, फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और समुदाय या दोनों गुरुद्वारों के खिलाफ किसी सक्रिय खतरे की पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि, जांच पूरी होने तक सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।
गुरुद्वारा करता है समाज सेवा
दशमेश कल्चर सेंटर धार्मिक गतिविधियों के साथ-साथ सामाजिक सेवा के कार्यों के लिए भी जाना जाता है। गुरुद्वारा प्रबंधन के अनुसार यहां फूड बैंक और जरूरतमंदों को कपड़े उपलब्ध कराने जैसे कार्य किए जाते हैं। गुरुद्वारा सभी धर्मों और संस्कृतियों के लोगों के लिए खुला है।
गुरुद्वारा प्रबंधन ने घटना पर चिंता जताते हुए कहा कि नफरत और डर फैलाने के बजाय समाज में भाईचारे और संवाद को बढ़ावा दिया जाना चाहिए।
मेयर और नेताओं को दी गई जानकारी
धमकी की गंभीरता को देखते हुए गुरुद्वारा कमेटी ने पुलिस के अलावा अल्बर्टा प्रांत के अधिकारियों, स्थानीय पार्षदों, सांसदों और विधायकों को भी इसकी जानकारी दी है।
कैलगरी के मेयर जेरोमी फारकास ने घटना की निंदा करते हुए सिख समुदाय के प्रति समर्थन जताया है। उन्होंने कहा कि कैलगरी में नफरत, डर और कट्टरता के लिए कोई जगह नहीं है।
15 हजार से ज्यादा पंजीकृत सदस्य
दशमेश कल्चर सेंटर की स्थापना करीब 46 साल पहले हुई थी। गुरुद्वारा प्रबंधन के अनुसार इसके 15 हजार से अधिक पंजीकृत सदस्य हैं और यह कैलगरी में रह रहे बड़ी संख्या में सिख समुदाय की धार्मिक एवं सामाजिक जरूरतों को पूरा करता है।
धमकी की घटना के बाद कनाडा में बसे पंजाबी और सिख समुदाय में नाराजगी है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और गुरुद्वारा परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।