Skip to content

Nagpur Violence: सरकार की सख्ती, DCP पर हमले के बाद 11 पुलिस थाना क्षेत्र में कर्फ्यू घोषित; जाने पूरा मामला

Share Facebook X WhatsApp Telegram Email
View in ePaper

डेली संवाद, नागपुर। Nagpur Violence: औरंगजेब (Aurangzeb) की कब्र पर विवाद का मामला लगातार बढ़ता जा रहा है। सोमवार की रात को इस विवाद ने एक हिंसक रूप धारण कर लिया है। इस हिंसा की आग में नागपुर (Nagpur) को झुलसा कर रख दिया।

यह भी पढ़ें: कनाडा सरकार ने एक्सप्रेस एंट्री में किया गया बदलाव, पंजाबियों पर पड़ेगा असर

नागपुर में दो गुटों में हिंसक झड़प के चलते कई दुकानों, घरों और वाहनों में आगजनी की गई। इस दौरान नागपुर में विश्व हिंदू परिषद (VHP) ने गोबर के कंडों से भरा एक हरे रंग का कपड़ा जला दिया। VHP के मुताबिक, ये औरंगजेब की प्रतीकात्मक कब्र थी।

महाल इलाके में हिंसा भड़की

इस घटना का वीडियो वायरल हो गया। जिसके बाद देर शाम 7:30 बजे नागपुर के महाल इलाके में हिंसा भड़क गई। इसके बाद पथराव और तोड़फोड़ शुरू हो गई। उपद्रवियों ने घरों पर पथराव किया और सड़क पर खड़े दर्जनों वाहनों में तोड़फोड़-आगजनी की। 11 इलाकों में कर्फ्यू लगाया गया है। जिसमें कोतवाली, गणेशपेठ, तहसील, लकड़गंज, पचपावली, शांतिनगर, सक्करदरा, नंदनवन, इमामवाड़ा, यशोधरानगर और कपिलनगर शामिल हैं।

इस दौरान पुलिस पर भी हमला किया गया। DCP निकेतन कदम कुल्हाड़ी के हमले से घायल हो गए। महाराष्ट्र के गृह मंत्री योगेश कदम ने मंगलवार को बताया कि 47 लोग हिरासत में हैं। 12 से 14 पुलिस कर्मियों को चोटें आई हैं, 2-3 नागरिक भी घायल हैं। हिंसा के कारणों की जांच की जा रही है।