डेली संवाद, कनाडा।
Canada News: कनाडा में रह रहे भारतीयों, विशेषकर पंजाबी समुदाय के लिए एक अहम बदलाव सामने आया है। कनाडा सरकार ने 15 जुलाई 2026 से Parents and Grandparents Program (PGP) के तहत नई स्पॉन्सरशिप अर्जियां स्वीकार करना फिलहाल बंद कर दिया है।
इस फैसले के बाद कनाडा (Canada) में स्थायी निवास (PR) प्राप्त कर चुके नए लोग अपने माता-पिता या दादा-दादी को PR दिलाने के लिए आवेदन नहीं कर पाएंगे। हालांकि, सरकार ने स्पष्ट किया है कि 15 जुलाई 2026 या उससे पहले जमा किए गए सभी आवेदन पहले की तरह प्रोसेस किए जाएंगे। इन आवेदनों को रद्द नहीं किया जाएगा और उनकी प्रक्रिया जारी रहेगी।
बैकलॉग कम करने के लिए उठाया कदम
कनाडा के इमिग्रेशन विभाग (IRCC) के अनुसार, PGP के तहत करीब 60 हजार आवेदन पहले से लंबित हैं, जबकि हर साल तय संख्या से कहीं अधिक आवेदन प्राप्त होते हैं। विभाग का कहना है कि नई अर्जियों पर अस्थायी रोक लगाने का उद्देश्य लंबित मामलों का जल्द निपटारा करना, प्रोसेसिंग समय कम करना और इमिग्रेशन सिस्टम को अधिक प्रभावी बनाना है।
सरकार ने अपने 2026-2028 इमिग्रेशन लेवल प्लान के तहत वर्ष 2026 में 15 हजार पेरेंट्स और ग्रैंडपेरेंट्स को PR देने का लक्ष्य तय किया है। इस फैसले का सबसे अधिक प्रभाव पंजाब के उन परिवारों पर पड़ने की संभावना है, जिनके सदस्य बड़ी संख्या में कनाडा में पढ़ाई, नौकरी या व्यवसाय के लिए बसे हुए हैं।
[caption id="attachment_14614" align="aligncenter" width="1200"]
Canada News[/caption]
अब तक PGP उनके लिए माता-पिता और दादा-दादी को स्थायी रूप से अपने साथ बसाने का प्रमुख माध्यम था। नई नीति के चलते हजारों परिवारों की फैमिली सेटलमेंट योजनाएं फिलहाल रुक गई हैं। साथ ही नए PR धारकों के लिए अपने माता-पिता की स्पॉन्सरशिप का रास्ता भी बंद हो गया है।
सुपर वीजा रहेगा विकल्प
PGP पर रोक के बावजूद माता-पिता और दादा-दादी को सुपर वीजा के जरिए कनाडा बुलाने का विकल्प उपलब्ध रहेगा। इस वीजा के तहत वे एक बार में पांच साल तक कनाडा में रह सकते हैं और वीजा 10 साल तक वैध रहता है। इसमें मल्टीपल एंट्री की सुविधा भी मिलती है तथा जरूरत पड़ने पर रहने की अवधि बढ़ाने के लिए आवेदन किया जा सकता है।
पहले से आवेदन कर चुके लोगों को राहत
सरकार ने यह भी साफ किया है कि 15 जुलाई 2026 या उससे पहले PGP के तहत आवेदन जमा करने वाले लोगों पर इस फैसले का कोई असर नहीं पड़ेगा। उनके सभी आवेदन पहले की तरह तय प्रक्रिया के अनुसार निपटाए जाएंगे।